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Gorakhpur News: रेलवे ग्रुप डी में नौकरी का झांसा देकर 20 लाख की ठगी
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कैंट थाने में दर्ज हुआ तीन आरोपियों पर केस, छानबीन में जुटी पुलिस
आरोपियों ने दिया था फर्जी नियुक्ति पत्र, भर्ती बोर्ड में जाने पर हुई फर्जीवाड़े की जानकारी
गोरखपुर। रेलवे ग्रुप डी में नौकरी का झांसा देकर युवकों के साथ 20 लाख रुपये की ठगी हो गई। उन्हें फर्जी नियुक्ति पत्र भी दिया। रेलवे भर्ती बोर्ड में जाने के बाद जालसाजी की जानकारी हुई। पीड़ितों ने एसएसपी को प्रार्थना पत्र दिया। इसके बाद कैंट पुलिस ने आरोपी अमित राव, नसीब अली व आसिफ अली के खिलाफ केस दर्ज कर जांच में जुट गई है।
मोहद्दीपुर के रहने वाले नितेश यादव ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि वह बेरोजगार हैं। कुछ वर्षों पूर्व बांसगांव थाना क्षेत्र के अतरौली गांव निवासी अमित राव से मुलाकात हुई थी। उसने रेलवे ग्रुप डी में नौकरी दिलाने का आश्वासन देते हुए बस्ती जिले के सोनहां थाना क्षेत्र के रुद्रपुर निवासी नसीब अली व आसिफ अली से मिलवाया। आरोपियों ने बताया कि नसीब अली के रिश्तेदार रेलवे में ऑफिसर हैं। कई लोगों को नौकरी दिलवा चुके हैं। नितेश ने बताया कि विश्वास में लेकर उनसे, साले, मित्र अजय व बबलू को ग्रुप डी में नौकरी लगवाने के लिए 20 लाख रुपये की मांग की। नसीब ने अपने खाते में कुल 10,38,000 रुपये व अमित राव ने अपने बैंक खाते में 7,60,000 रुपये ऑनलाइन ले लिया। बाकी धनराशि आसिफ अली ने नकद लेकर दो-तीन महीने बाद नौकरी दिलाने का वादा करते हुए नियुक्ति पत्र भी दिया।
नितेश ने बताया कि वह और उसके साथी नियुक्ति पत्र को लेकर रेलवे भर्ती बोर्ड में गए। रेलवे भर्ती बोर्ड में बताया गया कि रेलवे की ओर से कोई नियुक्ति पत्र जारी नहीं किया गया है। यह सुनकर उनके होश उड़ गए। उन्होंने नियुक्ति पत्र व नौकरी के बारे में अमित राव, नसीब अली व आसिफ अली से बात की तो वह लोग टाल-मटोल करने लगे। उनसे कहा कि यदि नौकरी नहीं लगवा सकते तो रुपये वापस कर दें। इस पर तीनों आरोपियों ने धमकी दी कि रुपये भूल जाओ। यदि दोबारा मांग किए तो हत्या करवा देंगे। आरोप लगाया कि पुलिस को सूचना देने के बाद भी कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद एसएसपी को प्रार्थना पत्र दिया। कैंट थाना प्रभारी निरीक्षक संजय सिंह ने बताया कि मामले में केस दर्ज कर जांच की जा रही है।
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आरोपियों ने दिया था फर्जी नियुक्ति पत्र, भर्ती बोर्ड में जाने पर हुई फर्जीवाड़े की जानकारी
गोरखपुर। रेलवे ग्रुप डी में नौकरी का झांसा देकर युवकों के साथ 20 लाख रुपये की ठगी हो गई। उन्हें फर्जी नियुक्ति पत्र भी दिया। रेलवे भर्ती बोर्ड में जाने के बाद जालसाजी की जानकारी हुई। पीड़ितों ने एसएसपी को प्रार्थना पत्र दिया। इसके बाद कैंट पुलिस ने आरोपी अमित राव, नसीब अली व आसिफ अली के खिलाफ केस दर्ज कर जांच में जुट गई है।
मोहद्दीपुर के रहने वाले नितेश यादव ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि वह बेरोजगार हैं। कुछ वर्षों पूर्व बांसगांव थाना क्षेत्र के अतरौली गांव निवासी अमित राव से मुलाकात हुई थी। उसने रेलवे ग्रुप डी में नौकरी दिलाने का आश्वासन देते हुए बस्ती जिले के सोनहां थाना क्षेत्र के रुद्रपुर निवासी नसीब अली व आसिफ अली से मिलवाया। आरोपियों ने बताया कि नसीब अली के रिश्तेदार रेलवे में ऑफिसर हैं। कई लोगों को नौकरी दिलवा चुके हैं। नितेश ने बताया कि विश्वास में लेकर उनसे, साले, मित्र अजय व बबलू को ग्रुप डी में नौकरी लगवाने के लिए 20 लाख रुपये की मांग की। नसीब ने अपने खाते में कुल 10,38,000 रुपये व अमित राव ने अपने बैंक खाते में 7,60,000 रुपये ऑनलाइन ले लिया। बाकी धनराशि आसिफ अली ने नकद लेकर दो-तीन महीने बाद नौकरी दिलाने का वादा करते हुए नियुक्ति पत्र भी दिया।
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नितेश ने बताया कि वह और उसके साथी नियुक्ति पत्र को लेकर रेलवे भर्ती बोर्ड में गए। रेलवे भर्ती बोर्ड में बताया गया कि रेलवे की ओर से कोई नियुक्ति पत्र जारी नहीं किया गया है। यह सुनकर उनके होश उड़ गए। उन्होंने नियुक्ति पत्र व नौकरी के बारे में अमित राव, नसीब अली व आसिफ अली से बात की तो वह लोग टाल-मटोल करने लगे। उनसे कहा कि यदि नौकरी नहीं लगवा सकते तो रुपये वापस कर दें। इस पर तीनों आरोपियों ने धमकी दी कि रुपये भूल जाओ। यदि दोबारा मांग किए तो हत्या करवा देंगे। आरोप लगाया कि पुलिस को सूचना देने के बाद भी कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद एसएसपी को प्रार्थना पत्र दिया। कैंट थाना प्रभारी निरीक्षक संजय सिंह ने बताया कि मामले में केस दर्ज कर जांच की जा रही है।
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