संपत्ति के लालच में बेटियों ने मां को मृत दिखाकर करा ली वरासत, अब बहू ने किया खुलासा
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उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के कैंपियरगंज थानाक्षेत्र में संपत्ति के लालच में करीब चार साल पहले मां को प्रेशर कुकर दगने के हादसे में मृत दिखाकर बेटियों के संपत्ति को वरासत कराने का मामला सामने आया है। बहू ने ननदों के फर्जीवाड़े को सार्वजनिक कर दिया।
बहू ने सास धनवती देवी को खोज निकाला और तहसीलदार के सामने पेश कर दिया जिसके बाद पूरे प्रकरण की जांच शुरू कर दी गई है। हालांकि बूढ़ी सास धनवती देवी को अपनी बेटियों के इस करतूत की भनक नहीं थी और वह कह रही थीं कि बेटियां सेवा भाव में उसको अपने घर में बारी बारी से रखती हैं।
जानकारी के अनुसार, तहसील में धनवती की बहू मीरा सास को लेकर पहुंची और जोर जोर से चीखने लगी कि देखिए साहब धनवती देबी जिंदा है, जिसे कागज में मृतक दिखाकर इनकी बेटियों ने सारी संपत्ति अपने नाम वरासत करा ली है।
70 वर्षीय धनवती उर्फ धनावती पत्नी स्व. पतिराज निवासी सरपतहा, टोला बड़ा जमुहरा थाना कैम्पियरगंज से वर्ष 2014 में वसीयत बेटी श्रीमती ने कराई और 13-01-2016 को मृतक दर्ज कराकर फर्जी वरासत करा लिया। आरोप है तभी से उसकी दोनों बेटियां मां को छिपा कर रखती थीं। तबीयत खराब होने के कारण अचानक बहू को सास धनवती मिल गई।
मीरा सास को अपने साथ घर लेकर चली गई। बहू के मुताबिक जब बेटियों को पता चला तो वह धनवती की हत्या करने की कोशिश करने लगीं और बहू मीरा देवी को भी मारा पीटा। असफल होने पर बेटियां जबरन बूढ़ी मां को अपने साथ लेकर जाने लगीं जिस पर गांव के लोगों ने विरोध किया और धनवती उर्फ धनावती को तहसीलदार के पास लाकर पेश किया।
इस पर धनवती की दोनों बेटियों ने तहसील मे हंगामा कर मारपीट पर उतारु हो गईं। जिससे मामला बिगड़ते देख तहसीलदार शशि भूषण पाठक ने पुलिस को बुलाया और हंगामा करने वाली बेटियों को पकड़ने को कहा। पुलिस के आते देख एक बेटी श्रीमती तहसील से फरार हो गई जबकि दूसरी बेटी को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। उसका शांति भंग मे चालान कर दिया।
उधर पुलिस ने धनवती को स्थानीय सीएचसी पर इलाज हेतु उसकी बहू मीरा एवं नातिन रूपा के साथ भेज दिया जहां से देर शाम इलाज कर रहे डा.अंकुर कुमार सिंह ने बीआरडी मेडिकल कालेज रेफर कर दिया। बहू मीरा सास को लेकर गोरखपुर चली गई।
इस मामले में तहसीलदार ने कहा कि फर्जी वरासत मे लेखपाल एवं राजस्व निरीक्षक की भूमिका एवं संलिप्तता के आरोप के मामले मे जांच कराई जाएगी और दोषी मिलने पर कारवाई की जाएगी। उधर इंस्पेक्टर सूर्यभान सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर जांच की गई। आगे की कार्यवाही नियमानुसार की जाएगी।