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शादी के जश्न में डूबा था पूरा परिवार, दुल्हन की जगह घर में आई अर्थी
Mon, 15 Jun 2020 06:39 PM IST
vivek shukla
शोभित कुमार पांडेय, संतकबीरनगर।
शोभित कुमार पांडेय, संतकबीरनगर।
Published by: vivek shukla
Updated Mon, 15 Jun 2020 06:39 PM IST
सार
- वधू पक्ष के घर दूल्हा समेत पहुंच गए थे बराती, खबर सुनकर बैरंग लौटी बरात
- शव पहुंचने की इंतजारी में थे परिजन, सरयू के नौरहनी घाट पर करेंगे अंतिम संस्कार
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sant kabir nagar news
- फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
बेटे की बरात विदा करके महिलाएं घर पर नाच गा रही थी। इधर बराती भी बरात में पहुंच कर दूल्हे के साथ जलपान कर रहे थे। उसी बीच दूल्हे के पिता की हादसे में मौत होने की खबर पहुंच गई।
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घटना की जानकारी होते ही खुशियां मातम में तब्दील हो गईं। दूल्हा समेत सभी बराती बैरंग वापस गांव लौट गए। बेटे की शादी की जगह लोग पिता की अर्थी उठाने की तैयारी शुरू कर दिए।
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बस्ती जिले के मुंडेरवा क्षेत्र के खजुही उर्फ बांसगांव के रहने वाले 58 वर्षीय रामचंद्र प्रजापति के तीन बेटे और दो बेटियां हैं। दो बेटे और दो बेटियों की शादी हो चुकी है। छोटे बेटे ईश्वरचंद की सोमवार को शादी थी। बेटे की बरात भी कोतवाली खलीलाबाद क्षेत्र के इनायतपुर गांव में पहुंच गई थी।
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इधर बेटे की बरात में शामिल होने रामचंद्र गांव के प्रेम नारायण दुबे के साथ बाइक पर पीछे बैठ कर जा रहे थे। जैसे ही राष्ट्रीय राजमार्ग पर कांटे तिराहे पर पहुंचे ही थे। वैसे ही गोरखपुर से बस्ती की ओर जा रही प्राइवेट बस ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में रामचंद्र की मौके पर मौत हो गई। जबकि प्रेम नारायण मामूली रूप से घायल हो गए।
स्थिति सामान्य होने पर फिर शादी की तय करेंगे अगली तिथि
दूल्हे ईश्वरचंद ने बताया कि वह दिल्ली में बढ़ई का काम करते हैं। जबकि बड़े भाई रामराज भी दिल्ली में वही काम करते है। मझले भाई रघुराज पानीपत में प्राइवेट फैक्ट्री में काम करते हैं। तीनों भाई सवा महीने पहले घर लौटे थे। दूल्हा ईश्वरचंद बताते हैं कि वह बरातियों के साथ बरात में पहुंच गए थे और सभी जलपान कर रहे थे। इधर घर में महिलाएं नाच गा रही थी।
उसी बीच हादसे में पिता की मौत की खबर पहुंच गई। दूल्हे ने बताया कि खबर सुनते ही सभी अवाक रह गए। तत्काल सभी लोग घर लौट गए। पति की मौत से संतराजी देवी का रो-रो कर बुरा हाल था। परिवार की महिलाएं और रिश्तेदार भी गमगीन हैं।
ईश्वरचंद ने बताया कि सरयू नदी के नौरहगी घाट पर शव का अंतिम संस्कार किया जाएगा। स्थिति सामान्य होने पर फिर शादी की अगली तिथि तय की जाएगी।
उसी बीच हादसे में पिता की मौत की खबर पहुंच गई। दूल्हे ने बताया कि खबर सुनते ही सभी अवाक रह गए। तत्काल सभी लोग घर लौट गए। पति की मौत से संतराजी देवी का रो-रो कर बुरा हाल था। परिवार की महिलाएं और रिश्तेदार भी गमगीन हैं।
ईश्वरचंद ने बताया कि सरयू नदी के नौरहगी घाट पर शव का अंतिम संस्कार किया जाएगा। स्थिति सामान्य होने पर फिर शादी की अगली तिथि तय की जाएगी।