बीमार बेटे के इलाज के लिए परेशान था पिता, उठा लिया ये खौफनाक कदम
उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर जिले से एक हैरान करने वाली खबर सामने आ रही है। यहां आर्थिक तंगी के कारण बीमार बेटे का इलाज नहीं करा पाने से दुखी पिता ने खुद को आग लगा ली। बुरी तरह से झुलसी हालत में गांव और परिवार वाले उसे अस्पताल ले गए लेकिन जान नहीं बचाई जा सकी। पत्नी की तहरीर पर पुलिस ने आत्महत्या का केस दर्ज कर पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया।
जानकारी के मुताबिक जिले के पथरा थानाक्षेत्र के सेहरी बुजुर्ग गांव निवासी लवकुश (34) के बड़े बेटे कर्ण (06) को बीते तीन साल से सिरदर्द की शिकायत है। आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं होने और लॉकडाउन में जमा पूंजी भी खत्म होने के कारण लवकुश अपने बेटे का इलाज ठीक ढंग से नहीं करा पा रहा था। इस कारण वह परेशान रह रहा था।
सोमवार को बेटे के सिर में तेज दर्द हुआ, दर्द से तड़पते बेटे को देखकर लवकुश विचलित था। इस दौरान लवकुश देर रात घर से खेत की ओर निकला और गांव के दक्षिण सिवान में अपने ऊपर पेट्रोल छिड़क कर खुद को आग लगा ली।
लवकुश को आग की लपटों में घिरा देख आसपास मौजूद लोग उसे बचाने दौड़ पड़े। किसी तरह आग पर काबू पाया और आनन फानन उसे स्वास्थ्य केंद्र बांसी पहुंचाया। उसे जिला अस्पताल और वहां से मेडिकल कॉलेज गोरखपुर रेफर कर दिया गया। गोरखपुर ले जाते समय रास्ते में ही उसकी सांसें थम गईं।
परिजन रात को ही शव को घर ले आए। मंगलवार सुबह पुलिस ने पंचनामा करके शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पथरा थानाध्यक्ष महेंद्र चौहान ने बताया कि पत्नी मीरा ने बताया कि बेटे की तबीयत खराब रहने से काफी दिनों से परेशान थे। इसलिए आत्मघाती कदम उठा लिया।