गोरखपुर: प्रतिमा विसर्जन में शामिल दवा व्यापारी को गोली मारी, हालत गंभीर
घटना के बाद मूर्ति छोड़कर लोग भाग गए थे। कुछ घायल के साथ चले गए थे। पुलिस ने मूर्ति का विसर्जन कराया है। जानकारी के मुताबिक, राप्ती नगर फेज चार निवासी दमयंत्री त्रिपाठी पुलिस विभाग में दरोगा पद पर हैं, जबकि उनके पति रविंद्र नाथ त्रिपाठी सिपाही हैं।
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उधर, घटना के बाद मूर्ति छोड़कर लोग भाग गए थे। कुछ घायल के साथ चले गए थे। पुलिस ने मूर्ति का विसर्जन कराया है। जानकारी के मुताबिक, राप्ती नगर फेज चार निवासी दमयंत्री त्रिपाठी पुलिस विभाग में दरोगा पद पर हैं, जबकि उनके पति रविंद्र नाथ त्रिपाठी सिपाही हैं।
बेटा विकास तिवारी बृहस्पतिवार को मित्र के घर स्थापित मूर्ति के विसर्जन में शामिल होने के लिए गया था। रास्ते में ही मूर्ति स्थापना समिति के एक युवक से विकास का विवाद हो गया, जिसके बाद युवक ने गोली चला दी। विकास जमीन पर गिरकर तड़पने लगा। गोली चलते ही भगदड़ मच गई। आगे-पीछे की मूर्ति में शामिल लोग भी भागने लगे। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची और घायल को आनन-फानन में मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। कुछ देर बाद यहां से लखनऊ रेफर कर दिया गया।
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एसपी सिटी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने कहा कि एक युवक को गोली लगी है। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। गोली मारने में एक युवक का नाम सामने आया है, वह गुलरिहा का निवासी बताया जा रहा है। उसकी तलाश में पुलिस टीम लगी है। जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
प्रतिमा विसर्जन में शामिल युवक को चाकू घोंपा
गोरखपुर कोतवाली थाना क्षेत्र के शास्त्री चौक के पास प्रतिमा विसर्जन जुलूस में शामिल गंगेश शुक्ला (30) को बृहस्पतिवार रात आठ बजे बदमाशों ने चाकू घोंप दिया। जानकारी के मुताबिक, विसर्जन जुलूस में विवाद होने के बाद आशुतोष नाम के युवक ने वारदात को अंजाम दिया है।
जुलूस में शामिल युवकों ने बताया कि मनीष चौहान नाम के युवक से आशुतोष का विवाद हुआ था। मामला बढ़ने पर उसने चाकू से हमला कर दिया, लेकिन डांस कर रहा गंगेश बीच में आ गया। घायल गंगेश को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।