फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Dhruv Kumar's style of working heavily on party and organizations

पार्टी और संगठनों पर भारी पड़ी ध्रुव कुमार कार्यशैली

Fri, 04 Dec 2020 09:38 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Fri, 04 Dec 2020 09:38 PM IST
विज्ञापन
Dhruv Kumar's style of working heavily on party and organizations
सिद्धार्थनगर से यह खबर आई है। एक बार देख लें।
विज्ञापन

पार्टी और संगठनों पर भारी पड़ी ध्रुव कुमार की कार्यशैली
शर्मा गुट के मंत्री और अध्यक्ष रहने के बाद 2008 में पहली बार बने थे एमएलसी
शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से हैट्रिक लगाने वाले पहले एमएलसी बने ध्रुव कुमार
परमात्मा शुक्ल
सिद्धार्थनगर। शिक्षक निर्वाचन खंड फैजाबाद-गोरखपुर से लगातार तीसरी बार जीत हासिल करने वाले ध्रुव कुमार त्रिपाठी का मिलनसार और सहज व्यवहार पार्टी व संगठनों पर भारी पड़ गया। उनकी जीत लोगों के दलगत राजनीति और संगठनों के ताने-बाने से हटकर साथ देने का नतीजा है।
उसका कस्बे में स्थित बाबा हरिदास इंटर कॉलेज के शिक्षक ध्रुव कुमार त्रिपाठी की गिनती शुरू से ही मिलनसार और संगठन खड़ा करने वालों में रही। 1990 के दशक में ही माध्यमिक शिक्षक संघ शर्मा गुट के जिला मंत्री से शिक्षक राजनीति की शुरुआत की। ध्रुव कुमार 10 वर्ष तक जिला मंत्री और उसके बाद 10 वर्ष तक जिलाध्यक्ष रहे। तत्कालीन शिक्षक विधायक पंचानन राय के सड़क हादसे में आकस्मिक निधन के बाद शर्मा गुट ने उनकी संगठनात्मक क्षमता और कार्यकुशलता को देखते हुए 2008 में एमएलसी का टिकट दिया। यह चुनाव जीतकर ध्रुव कुमार त्रिपाठी पहली बार एमएलसी बने। इसके बाद लगातार 2014 और 2020 समेत तीन बार जीत दर्ज करने का रिकॉर्ड बनाया। शिक्षक रामायन मिश्र और अरविंद झा कहते हैं कि कोई भी शिक्षक चाहे किसी भी संगठन या पार्टी से जुड़ा हो एमएलसी ध्रुव कुमार त्रिपाठी के पास से निराश नहीं लौट सकता। वह सबकी सुनते और उनकी समस्या के निराकरण के लिए हरसंभव प्रयास करने के लिए सदैव तत्पर रहते हैं। शिक्षक राजनीति के जानकार कहते हैं कि इसी कार्यशैली का नतीजा रहा कि वह चुनाव में पार्टी और संगठनों पर भारी पड़ गए। संवाद
विज्ञापन

भाजपा ने पहले ही खड़े कर दिए थे हाथ
प्रदेश के सभी सीटों पर चुनाव लड़ाने वाली भाजपा ने गोरखपुर-फैजाबाद शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से अपना प्रत्याशी नहीं उतारा था। जानकार कहते हैं कि इसके पीछे ध्रुव कुमार त्रिपाठी की शिक्षकों में लोकप्रियता भी प्रमुख कारणों में से एक थी, जिससे इस सीट पर हार का खतरा हो सकता था। वहीं सपा समेत वित्तविहीन शिक्षक महासंघ और अटेवा जैसे संगठन चुनाव में उनकी कार्यशैली से मात खा गए।
विज्ञापन
विज्ञापन

ध्रुव ने लगाई हैट्रिक, जिले में उल्लास
उसका बाजार। गोरखपुर-फैजाबाद शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में ध्रुव कुमार त्रिपाठी ने जीत हासिल की है। तेतरी खुर्द निवासी ध्रुव कुमार त्रिपाठी की जीत पर प्रधानाचार्य संजय गुप्ता, चंद्रभान त्रिपाठी, सतेंद्र मिश्र, राम उजागिर पांडेय, अनिल मिश्र, वीरेंद्र पांडेय, हरिशंकर सिंह, रूपेश सिंह, धर्मेंद्र पांडेय, देवेंद्र श्रीवास्तव, कृपाशंकर पांडेय ने बधाई दी है। बांसी प्रतिनिधि के मुताबिक तिलक इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ. कृष्ण कुमार की अगुवाई में एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर खुशी व्यक्त की गई। जिला उपाध्यक्ष हरेंद्र बहादुर सिंह, डॉ. राजेश उपाध्याय, हरिओम यादव, जयराम यादव, सीमा यादव, गिरीश चंद्र चौधरी, अमित श्रीवास्तव, वकील अहमद खान आदि उपस्थित थे। बताते चले कि गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से लगातार तीन बार जीतने वाले वह पहले एमएलसी हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed