फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   gorakhpur police arrested Sexual assault Accused Former chairman Ramdarsha Vidyarthi

गोरखपुर: पूर्व चेयरमैन रामदरश विद्यार्थी गिरफ्तार, नाबालिग का अपहरण कर दुष्कर्म करने का था आरोप

Sun, 16 Feb 2020 10:55 AM IST
vivek shukla डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर
डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर Published by: vivek shukla Updated Sun, 16 Feb 2020 10:55 AM IST
सार

  • कैंट थाने में दर्ज था अपहरण कर दुष्कर्म के आरोप, पॉक्सो व एससी-एसटी एक्ट की धाराओं में केस
  • कोर्ट में पीड़िता के बयान के आधार पर पुलिस ने जिला सहकारी बैंक के पूर्व चेयरमैन को पकड़ा
  • सीओ गोला कर रहे थे जांच, गिरफ्तारी के बाद पैरवी में आए सपा और भाजपा के कई नेता

विज्ञापन
gorakhpur police arrested Sexual assault Accused Former chairman Ramdarsha Vidyarthi
पुलिस के गिरफ्त में रामदरश विद्यार्थी। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

नाबालिग का अपहरण कर दुष्कर्म करने के आरोपित व जिला सहकारी बैंक के पूर्व चेयरमैन, सपा नेता रामदरश विद्यार्थी को शनिवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपित रामदरश को पुलिस ने कोर्ट में पेश किया, जहां से न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेजा गया। पुलिस ने यह कार्रवाई पीड़िता की ओर से कोर्ट में दिए गए बयान के आधार पर की है। उधर, गिरफ्तारी के बाद भाजपा, सपा के कई नेता आरोपित के समर्थन में आ गए और रामदरस को निर्दोष बताते हुए छोड़ने की सिफारिश भी की।
विज्ञापन


जानकारी के मुताबिक, 17 दिसंबर 2019 को एक नाबालिग ने कैंट थाने में रामानंद यादव, राममनोज और सुशीला देवी पर अपहरण कर दुष्कर्म के आरोप और एससी-एसटी एक्ट, पॉक्सो एक्ट की धाराओं में केस दर्ज कराया था। एससीएसटी एक्ट की धारा लगने की वजह से घटना की विवेचना सीओ गोला को सौंपी गई थी। सीओ गोला जांच कर रहे थे। इसी बीच कोर्ट में किशोरी का बयान दर्ज कराया गया तो उसने रामदरश विद्यार्थी का भी नाम लिया था।
विज्ञापन


उसके बाद पुलिस ने रामदरश विद्यार्थी को भी आरोपित बना लिया। सीओ ने चारों आरोपितों की गिरफ्तारी का आदेश जारी कर दिया। पुलिस ने सभी जगहों पर दबिश दी, लेकिन कोई अन्य आरोपित नहीं मिला। पुलिस ने घर से रामदरश विद्यार्थी को गिरफ्तार कर लिया। मुकदमा कैंट में दर्ज होने की वजह से रामदरस को कैंट थाने भेजा गया, फिर कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

नामजद आरोपित आज तक नहीं पकड़े गए

दिसंबर में दर्ज केस में पुलिस ने पूर्व चेयरमैन व सपा नेता रामदरश विद्यार्थी को तो गिरफ्तार कर लिया, लेकिन तीन नामजद आरोपित को अब तक नहीं तलाश सकी है। पुलिस का कहना है कि बाकी आरोपितों की जल्द गिरफ्तारी कर ली जाएगी।

कैंट थाने में यह दर्ज कराया गया था केस
नाबालिग लड़की की मां ने कैंट थाने में (क्राइम नंबर 1056) केस दर्ज कराया था। दर्ज केस के मुताबिक पीड़िता को सुशीला देवी ने पैडलेगंज स्थित वाटर पार्क के पास बुलाया था। फिर कुछ सूंघा दिया था। आंख खुली तो वह बड़हलगंज इलाके के एक गांव में थी। जहां दो लोगों ने दुष्कर्म किया फिर कई और लोग भी आकर शारीरिक शोषण किए थे। इसी आधार पर पुलिस ने तीन के खिलाफ नामजद केस दर्ज किया था।

पीड़िता ने तीन नामजद पर केस दर्ज कराया था। न्यायालय में बयान में पीड़िता ने रामदरश विद्यार्थी को भी आरोपित बनाया था। चारों आरोपितों के घर पुलिस ने दबिश दी थी। तीन फरार है। रामदरश विद्यार्थी की गिरफ्तार कर ली गई है।
रामदेव बिंद, सीओ गोला

मुझे फंसाया गया है। बड़हलगंज इलाके के ललकू यादव कई लोगों को इस तरह के फर्जी केस में फंसाते हैं। इसकी जानकारी होने पर मैंने जनप्रतिनिधि होने की वजह से विरोध किया। 2017 में एक लड़की से केस दर्ज कराया गया था तब एसएसपी ने इसकी जांच कराई थी और मामला झूठा पाया गया था। फिर उस लड़की की चचेरी बहन ने कैंट में केस दर्ज कराया जिसमें मैं नामजद आरोपित भी नहीं था। पुलिस साजिशन मेरा नाम बढ़ाकर फंसाया है।
रामदरश विद्यार्थी, पूर्व चेयरमैन, जिला सहकारी बैंक
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed