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प्रदेश के हर ब्लाक में होगा एक एफपीओ, किसानों को होगा लाभ: सीएम योगी
Sun, 29 Dec 2019 07:50 PM IST
विजय जैन
डिजिटल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर
डिजिटल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर
Published by: विजय जैन
Updated Sun, 29 Dec 2019 07:50 PM IST
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जनसभा को संबोधित करते सीएम योगी।
- फोटो : अमर उजाला
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गोरखपुर विश्वविद्यालय के दीक्षा भवन में नाबार्ड की ओर से आयोजित राज्य स्तरीय कृषक उत्पादक संगठन (एफ पीओ) के सम्मान समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना, किसान फसल बीमा योजना, प्रधानमंत्री फसल सिंचाई योजना,उसी का हिस्सा है। प्रदेश सरकार की तरफ से फसल ऋण माफी योजना, ड्रिप एरिगेशन सिंचाई योजना को बढ़ावा देने के लिए शुरू किया गया कदम किसानों की आमदनी दुगनी करने में मददगार होगी।
एफ पीओ और बैंकिंग संस्थाएं किसानों की आमदनी बढ़ाने और उनके जीवन में खुशहाली लाने में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती हैं। आज से तीन वर्ष पहले तक प्रदेश के किसानों को उनके कृषि उत्पाद का दाम न्यूनतम समर्थन मूल्य से कम मिलता था। वर्ष 2015.16 में धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 1400 रुपये होता था, लेकिन किसानों को 900.1000 रुपये से ज्यादा नहीं मिल पाता था। इस वर्ष यह दाम 1835 रुपये है, जो सीधे किसानों के खाते में भेजा जा रहा है। इसके अलावा प्रदेश सरकार छनाई और ढुलाई के लिए 20 रुपये प्रति क्विंटल अतिरिक्त दे रही है। सिर्फ समर्थन मूल्य के माध्यम से प्रदेश सरकार किसानों को उनकी लागत का डेढ़ गुना से अधिक दाम दिला रही हैए जो किसानों के जीवन में व्यापक परिवर्तन लाने का प्रयास है।
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एफ पीओ और बैंकिंग संस्थाएं किसानों की आमदनी बढ़ाने और उनके जीवन में खुशहाली लाने में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती हैं। आज से तीन वर्ष पहले तक प्रदेश के किसानों को उनके कृषि उत्पाद का दाम न्यूनतम समर्थन मूल्य से कम मिलता था। वर्ष 2015.16 में धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 1400 रुपये होता था, लेकिन किसानों को 900.1000 रुपये से ज्यादा नहीं मिल पाता था। इस वर्ष यह दाम 1835 रुपये है, जो सीधे किसानों के खाते में भेजा जा रहा है। इसके अलावा प्रदेश सरकार छनाई और ढुलाई के लिए 20 रुपये प्रति क्विंटल अतिरिक्त दे रही है। सिर्फ समर्थन मूल्य के माध्यम से प्रदेश सरकार किसानों को उनकी लागत का डेढ़ गुना से अधिक दाम दिला रही हैए जो किसानों के जीवन में व्यापक परिवर्तन लाने का प्रयास है।
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विपक्ष पर साधा निशाना, कहा जीवन भर भ्रष्टाचार करने वालों का हर जगह दिखता भ्रष्टाचार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कार्यक्रम के दौरान विपक्ष पर निशाना भी साधा। कहा कि जिसने जीवन भर भ्रष्टाचार किया उसे हर जगह भ्रष्टाचार दिखाई दे रहा है। हमारी सरकार ने 53 लाख टन गेहूं सीधे किसानों से खरीदा। हमारी सरकार ने धान, मक्का के साथ आलू का समर्थन मूल्य घोषित किया। सीएम ने कहा कि यदि किसानों यदि सिंचाई की बेहतर सुविधा उपलब्ध करादी जाए तो यहां की धरती में किसान सोना उगाने लगेगा। वाणसागर परियोजना का जिक्र करते हूए कहा कि इसकी स्वीकृति योजना आयोग ने 1973 में दी थी। शुरूआत तत्कालीन प्रधानमंत्री मुराजी देसाई ने 1978 में किया, पर यह परियोजना हमारी सरकार आई तब जाकर पूरी हुई है।
एफपीओ से किसानों को होगा लाभ
सीएम ने कहा कि कृषि उत्पादन संगठन (एफपीओ) बनाकर कार्य करने से किसानों को लाभ होगा। किसानों की आमदनी बढ़ाने में कृषि उत्पादक संगठन काफी प्रभावशाली माध्यम हो सकते हैं। कहा कि एफपीओ और बैंकिंग सिस्टम मिलकर किसानों का सहयोग करें और उन्हें लाभान्वित करें। कहा कि किसानों को कृषि के साथ पशुपालन और दुग्ध उत्पादन के लिए भी प्रेरित करने की आवश्यकता है। सरकार ने फसलों को बचाने के लिए गो आश्रय स्थल की स्थापना की। इस समय निराश्रित गो आश्रय स्थल में 3.50 लाख गो वंश हैं। कहा कि एक गाय से 30 एकड़ खेत में जैबिक खेती की जा सकती है। जैबिक खेती के उत्पाद की मार्केटिंग की व्यवस्था की जा रही है।
हरेक विकास खंड में स्थापित हो एक-एक एफपीओ, किसानों के लिए बने रोल मॉडल
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का समय ब्रांडिंग का है, हम अपने ब्रांड का जितना प्रचार कर सकेंगे, उसका उतना ही मूल्य मिलेगा। तमाम एफ पीओ बेहतर कार्य करके अपने उत्पाद की ब्रांडिंग कर रहे हैं, उन्हें उसका बेहतर लाभ मिल रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कुल 823 विकास खंड हैं। इस वित्तीय वर्ष के अंत तक हर विकास खंड में एक-एक एफ पीओ स्थापित करें, जो वहां के किसानों के लिए रोल मॉडल बन सकें। योगी ने कहा कि हमारा प्रयास यह भी होना चाहिए कि आने वाले समय में प्रदेश की सभी 60 हजार ग्राम पंचायतों में भी एक एक एफ पीओ स्थापित हो, इससे किसानों की आमदनी को बढ़ाने में कई गुना मदद मिलेगी। अगर किसान समृद्ध होंगे तो प्रदेश और देश समृद्ध हो जाएगा।