राहत सामग्री वितरण के दौरान सीएम योगी ने की घोषणा, कहा- बाढ़ से बर्बाद हुई फसल का जल्द मिलेगा मुआवजा
- पाली में बाढ़ पीड़ितों को राहत सामग्री वितरण के दौरान सीएम ने की घोषणा
- कहा- राहत सामग्री में अब पांच लीटर मिट्टी का तेल भी मिलेगा
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कोरोना संकट के बीच बाढ़ की त्रासदी भी झेल रहे पीड़ितों को ढाढ़स बंधाते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सुख और दुख जीवन के दो अभिन्न पहलू हैं। इस दोहरे संकट के बीच सरकार पूरी तरह पीड़ितों के साथ है। उनके दुख में सहभागी बनने के लिए ही वह उनके बीच आए हैं।
उन्होंने भरोसा दिलाया किया पीड़ित परिवारों को किसी भी तरह की दिक्कत नहीं होने दी जाएगी। राहत सामग्री में पांच लीटर मिट्टी का तेल भी दिया जाएगा। बाढ़ का पानी खत्म होते ही खराब हुई फसलों का सर्वे कराकर जल्द मुआवजा भी वितरित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री मंगलवार को पाली ब्लाक के प्यारी देवी डिग्री कॉलेज परिसर में बाढ़ प्रभावित गांवों चड़राव, माठ, विरार और कोहारभार के पीड़ित परिवारों को राहत सामग्री वितरित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि आपदा में किसी की मौत होने पर चार लाख रुपये की सहायता दी जा रही है। सर्पदंश से मौत पर भी यह मुआवजा दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि देश के भीतर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समय से लिए गए निर्णय और साथ ही साथ जनता के सहयोग से उत्तर प्रदेश, वैश्विक महामारी के इस दौर में भी दुनिया में बेहतर स्थिति में है। उन्होंने कहा कि हमें कोरोना के साथ बाढ़ का भी सामना करना है।
प्रदेश सरकार, हर पीड़ित को सहायता प्रदान करने के लिए तत्पर है। मंत्रीमण्डल के सभी सहयोगी अलग- अलग जनपदों में जा कर जनता को राहत दिलाने का काम कर रहे है। प्रशासन को सख्त हिदायत दी गई है कि कोई भी पीड़ित परेशान या निराश नहीं होना चाहिए। सभी को समय से राहत सामग्री समेत दूसरी अन्य सुविधाएं मिलें।
जन्माष्टमी की दी बधाई, कहा विपत्ति में धैर्य न खोयें
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की बधाई देते हुए कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का जन्मदिन विपत्ति में धैर्य न खोने और मजबूती से हर चुनौती का सामना करने का साहस प्रदान करता है। ऐसे में कोरोना संकट के बीच बाढ़ जैसी त्रासदी का भी सामना कर रहे पीड़ित परिवारों को भी धैर्य का परिचय देना होगा।
व्यापक परीक्षण हो रहा फिर भी सावधानी जरूरी
मुख्यमंत्री ने इस मौके पर कोरोना वारियर्स को भी नमन करते हुए कहा कि कोरोना के खिलाफ इस लड़ाई को उन्होंने मजबूती से लड़ते हुए आम जन को बड़ी राहत दी। मुख्यमंत्री ने चलोगों को जागरूक करते हुए कहा कि बहुत सारे साथी जिन्होंने कोरोना से लड़ते हुए अपनी जान दे दी, उन्होंने प्रेरणा दी है कि दो गज की दूरी और मास्क जरूरी। मुख्यमंत्री ने बताया कि 85 फीसदी मामले ऐसे हैं जिनमें लक्षण नहीं दिखते।
यूपी में एक लाख टेस्ट प्रतिदिन कराए जा रहे हैं। प्रदेश की आबादी 24 करोड़ है। ऐसे में व्यापक परीक्षण के बीच भी सावधानी जरूरी है। उम्र दराज लोग बहुत जरूरी हो तो ही घरों से बाहर निकलें। 10 साल से कम उम्र के बच्चों को घरों में ही रखें। संदेह होने पर हर कोई कोरोना की जांच कराए। संक्रमण को छिपाने पर घर, गांव के लोग भी प्रभावित होंगे।
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... और गश खाकर गिर पड़े एडीएम
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आगमन के ठीक पहले कार्यक्रम स्थल पर अचानक एडीएम प्रशासन चतुभुर्जी गुप्ता गश खाकर गिर गए। आनन-फानन में उन्हें पास में एक तख्त पर लिटाया गया और प्रारंभिक उपचार के बाद डीएम के. विजयेंद्र पांडियन ने उन्हें जिला अस्पताल भेजवाया। बताया जा रहा है कि ब्लड प्रेशर संबंधी दिक्कत की वजह से वह अचानक बेहोश हो गए।
मुख्यमंत्री का हेलीकाप्टर हुआ सैनिटाइज
कार्यक्रम के दौरान ही पंचायतीराज विभाग के सफाई कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री के हेलीकॉप्टर को पूरी तरह सैनिटाइज किया। इसी तरह उनके कार्यक्रम स्थल की भी सुबह से लेकर समापन तक कई बार सैनिटाइज किया जाता रहा।