UP Election 2022: एक हजार बसों को जुटाना आरटीओ के लिए चुनौती, चुनाव होने से आ रही दिक्कत
सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन) श्यामलाल ने बताया कि प्रदेश सरकार की ओर से विधानसभा चुनाव संपन्न कराने के लिए वाहनों के अधिग्रहण के निर्देश मिले हैं।
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गोरखपुर में संभागीय परिवहन विभाग के सामने विधानसभा चुनाव के लिए एक हजार बसें जुटाना बड़ी चुनौती बन गई है। ये चुनौती इसलिए क्योंकि, गोरखपुर और बस्ती मंडल के सभी सात जिलों में एक साथ मतदान होने हैं। ऐसे में परिवहन विभाग को बसें एकत्रित करने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
गोरखपुर और बस्ती मंडल के सभी जिलों में छठवें चरण में तीन मार्च को चुनाव होने हैं। ऐसे में परिवहन मुख्यालय ने संभागीय परिवहन विभाग को चुनाव के लिए बसें जुटाने के निर्देश दिए हैं। मुख्यालय से निर्देश मिलने के बाद विभाग बसों को एकत्रित करने में लगा है। लेकिन, उसे पर्याप्त बसें नहीं मिल पा रही हैं।
एआरटीओ प्रवर्तन बीके सिंह ने बताया कि पिछले चुनाव में गोरखपुर और बस्ती मंडल में अलग-अलग तिथियों पर चुनाव हुए थे। ऐसे में यहां चुनाव कराने के लिए बस्ती मंडल से बसें मंगा ली गईं थीं। लेकिन, इस बार दोनों मंडलों में एक साथ चुनाव होने से बसों को एकत्रित करने में दिक्कत आ रही है। फिलहाल कोशिश की जा रही है, जल्द ही पर्याप्त संख्या में बसें मिल जाएंगी।
924 वाहन स्वामियों को भेजा है नोटिस
बसों को जुटाने में आ रही दिक्कत के बाद परिवहन विभाग ने 924 अनफिट स्कूली वाहनों के स्वामियों को नोटिस जारी कर जल्द से जल्द बसों का फिटनेस कराने का निर्देश दिया है। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन) श्यामलाल ने बताया कि प्रदेश सरकार की ओर से विधानसभा चुनाव संपन्न कराने के लिए वाहनों के अधिग्रहण के निर्देश मिले हैं।