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Gorakhpur News: शहजादे पर चोरी से लेकर गैंगस्टर एक्ट तक का मुकदमा
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गोरखपुर। मुठभेड़ में पकड़े गए मो. शहजादे का आपराधिक रिकॉर्ड लंबा है। रामगढ़ताल थाना पुलिस के अनुसार, तुर्कमानपुर नई मस्जिद निवासी शहजादे के खिलाफ गोरखपुर और संतकबीरनगर के अलग-अलग थानों में कुल 25 आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें चोरी और लूट के साथ हत्या की कोशिश, आर्म्स एक्ट, एनडीपीएस एक्ट और गैंगस्टर एक्ट की प्राथमिकी शामिल है।
शहजादे के खिलाफ पहली प्राथमिकी वर्ष 2015 में राजघाट थाने में चोरी की धारा में दर्ज हुई थी। इसके बाद वर्ष 2017 में शाहपुर थाने में लूट और चोरी की प्राथमिकी दर्ज हुई। वर्ष 2018 में गोरखनाथ, सहजनवा और राजघाट थानों में चोरी, लूट, अवैध हथियार और बरामदगी से जुड़े कई मामले दर्ज हुए। इसी साल शाहपुर थाने में उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत भी प्राथमिकी हुई।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, वर्ष 2022 में शहजादे के खिलाफ सबसे अधिक प्राथमिकी दर्ज हुईं। गोरखपुर के कैंट, कोतवाली और अन्य थानों के अलावा संतकबीरनगर के दुधरा बाजार और खलीलाबाद थानों में लूट, चोरी और माल बरामदगी से संबंधित कई प्राथमिकी दर्ज हुईं। कैंट थाने में हत्या की कोशिश और आर्म्स एक्ट की प्राथमिकी भी दर्ज है। इसी दौरान उसके खिलाफ कैंट थाने में गैंगस्टर एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई। संतकबीरनगर के खलीलाबाद थाने में भी वर्ष 2023 में गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई हुई।
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2026 में भी दर्ज हुईं पांच प्राथमिकी
शहजादे का आपराधिक सिलसिला यहीं नहीं रुका। वर्ष 2026 में रामगढ़ताल थाने में उसके खिलाफ पांच प्राथमिकी दर्ज होने का रिकॉर्ड पुलिस ने जारी किया है। इनमें घर में घुसकर चोरी और चोरी के सामान की बरामदगी से संबंधित धाराएं शामिल हैं। इन्हीं मामलों में से एक में बैंककर्मी के बंद मकान से चोरी के आरोप में पुलिस ने उसे मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, शहजादे के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी में भारतीय न्याय संहिता, भारतीय दंड संहिता, आर्म्स एक्ट, एनडीपीएस एक्ट और यूपी गैंगस्टर एक्ट की विभिन्न धाराएं शामिल हैं।
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शहजादे के खिलाफ पहली प्राथमिकी वर्ष 2015 में राजघाट थाने में चोरी की धारा में दर्ज हुई थी। इसके बाद वर्ष 2017 में शाहपुर थाने में लूट और चोरी की प्राथमिकी दर्ज हुई। वर्ष 2018 में गोरखनाथ, सहजनवा और राजघाट थानों में चोरी, लूट, अवैध हथियार और बरामदगी से जुड़े कई मामले दर्ज हुए। इसी साल शाहपुर थाने में उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत भी प्राथमिकी हुई।
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पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, वर्ष 2022 में शहजादे के खिलाफ सबसे अधिक प्राथमिकी दर्ज हुईं। गोरखपुर के कैंट, कोतवाली और अन्य थानों के अलावा संतकबीरनगर के दुधरा बाजार और खलीलाबाद थानों में लूट, चोरी और माल बरामदगी से संबंधित कई प्राथमिकी दर्ज हुईं। कैंट थाने में हत्या की कोशिश और आर्म्स एक्ट की प्राथमिकी भी दर्ज है। इसी दौरान उसके खिलाफ कैंट थाने में गैंगस्टर एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई। संतकबीरनगर के खलीलाबाद थाने में भी वर्ष 2023 में गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई हुई।
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2026 में भी दर्ज हुईं पांच प्राथमिकी
शहजादे का आपराधिक सिलसिला यहीं नहीं रुका। वर्ष 2026 में रामगढ़ताल थाने में उसके खिलाफ पांच प्राथमिकी दर्ज होने का रिकॉर्ड पुलिस ने जारी किया है। इनमें घर में घुसकर चोरी और चोरी के सामान की बरामदगी से संबंधित धाराएं शामिल हैं। इन्हीं मामलों में से एक में बैंककर्मी के बंद मकान से चोरी के आरोप में पुलिस ने उसे मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, शहजादे के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी में भारतीय न्याय संहिता, भारतीय दंड संहिता, आर्म्स एक्ट, एनडीपीएस एक्ट और यूपी गैंगस्टर एक्ट की विभिन्न धाराएं शामिल हैं।