फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Basti's Additional District and Sessions Judge Pramod Kumar Giri gave extension to confiscate the property.

Basti News: अमरमणि त्रिपाठी की लखनऊ संपत्ति कुर्क करने के लिए 15 दिन की मोहलत, पहले भी हो चुकी कुर्की

Mon, 15 Apr 2024 07:44 PM IST
रोहित सिंह अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर Published by: रोहित सिंह Updated Mon, 15 Apr 2024 07:44 PM IST
विज्ञापन
Basti's Additional District and Sessions Judge Pramod Kumar Giri gave extension to confiscate the property.
अमर मणि त्रिपाठी( फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला

बस्ती में व्यापारी के बेटे के अपहरण केस में फरार अमरमणि त्रिपाठी की लखनऊ की संपत्ति कुर्क करने के लिए पुलिस को 15 दिन की मोहलत मिली है। विशेष न्यायाधीश सप्तम (एमपी/एमएलए)/ अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रमोद कुमार गिरी ने सोमवार को केस की सुनवाई करते हुए कहा कि दो दिसंबर 2023 को कुर्की की आदेश दिया गया था।

विज्ञापन


जिसके क्रम में महराजगंज के नौतनवा के मकान नंबर 81 बी वार्ड नंबर 10 शास्त्री नगर की कुर्की कर अपर जिला मजिस्ट्रेट जनपद महाराजगंज के द्वारा नियुक्त रिसीवर सौरभ श्रीवास्तव नायब तहसीलदार नौतनवा को मकान की चाबी सुपुर्द किया गया है।
विज्ञापन


सहायक शासकीय अधिवक्ता ने न्यायालय को बताया कि अभियुक्त अमरमणि की अन्य जिलों में समस्त चल-अचल संपत्तियों की भी कुर्की की जानी शेष है। इसलिए पत्रावली वास्ते इंतजार कुर्की कुलिंदा के साथ 30 अप्रैल को पेश की जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन


न्यायालय के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने अमरमणि की संपत्तियों का ब्योरा जुटाया था। जिसमें लखनऊ के गोमतीनगर विस्तार विक्रांत खंड में भूखंड संख्या ए-3-297 के रूप में 450 वर्गमीटर का करीब 01.18 करोड़ रुपये की जमीन अमरमणि के नाम पर पाई गई है।

जबकि महराजगंज जिले के नौतनवां में मकान नंबर 81-बी अमरमणि त्रिपाठी के नाम पर दर्ज पाया था। गोरखपुर में उनकी कोई संपत्ति पुलिस को नहीं मिली थी। इन संपत्तियों को कुर्क करने के लिए न्यायालय ने पुलिस को कई बार निर्देशित किया लेकिन कार्रवाई नहीं हो पाई।


नाराज होकर न्यायालय ने प्रमुख सचिव गृह और डीजीपी को कुर्की की कार्रवाई कराने के लिए निर्देशित किया। 30 मार्च को सुनवाई के दौरान यह कहते हुए रिमाइंडर भेजा गया कि यदि अगली सुनवाई 15 अप्रैल तक कुर्की की कार्रवाई पूरी करने की आख्या प्रस्तुत नहीं की गई तो प्रकरण को मुख्य न्यायाधीश उच्च न्यायालय के समक्ष मामला रखा जाएगा। ऐसे में शनिवार को दो दिन पहले ही महराजगंज की संपत्ति कुर्क करने टीम पहुंच गई थी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed