MMMUT: चौथे कुलपति के रूप में प्रो. सैनी ने किया कार्यभार ग्रहण,बोले-सार्थक परिणाम के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी
कुलाधिपति ने एनएसयूटी, नई दिल्ली के कुलपति रहे प्रो. जेपी सैनी को बीते आठ सितंबर को एमएमएमयूटी का कुलपति नियुक्त किया। एनएसयूटी में दीक्षांत समारोह होने और 25 सितंबर तक वहां कार्यकाल होने के कारण प्रो. सैनी ने बुधवार को कार्यभार ग्रहण किया है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के चौथे कुलपति के रूप में प्रो. जय प्रकाश सैनी ने बुधवार को कार्यभार ग्रहण कर लिया। प्रभारी कुलपति प्रो. जेपी पांडेय ने उन्हें कार्यभार ग्रहण कराया। प्रो. पाण्डेय को विदाई भी दी गई।
कुलाधिपति ने एनएसयूटी, नई दिल्ली के कुलपति रहे प्रो. जेपी सैनी को बीते आठ सितंबर को एमएमएमयूटी का कुलपति नियुक्त किया। एनएसयूटी में दीक्षांत समारोह होने और 25 सितंबर तक वहां कार्यकाल होने के कारण प्रो. सैनी ने बुधवार को कार्यभार ग्रहण किया है। मूलतः झांसी के रहने वाले प्रो. जेपी सैनी ने इलेक्ट्रॉनिक इंजीनियरिंग से एमटेक और पीएचडी किए हैं। उनका लंबा प्रशासनिक अनुभव रहा है।
इस अवसर पर आर्यभट्ट हाल में प्रो. जेपी पांडेय की विदाई एवं प्रो. जेपी सैनी का स्वागत समारोह आयोजित हुआ। नवागत कुलपति ने कहा कि आज की दुनिया ग्लोबल और आउटकम बेस्ड हो गई है। जो परिणाम (आउटकम) देगा, वही आगे रहेगा। इसलिए सभी के प्रयास ऐसे होने चाहिए जिससे सार्थक परिणाम निकलें।
इसे भी पढ़ें: बांट दिए गए थे मनमाने तरीके से लोन: कंगाली से उबरने में लगा जिला सहकारी बैंक, फंसे हैं 40 करोड़
कहा कि हम सब को मिलकर विश्वविद्यालय की रैंकिंग एवं शैक्षणिक गुणवत्ता को बढ़ाने का प्रयास करना होगा। इस दौरान कुलसचिव डॉ. जय प्रकाश, परीक्षा नियंत्रक डॉ. डीएस सिंह, डीन प्रो. पीके सिंह आदि शिक्षक, अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।
10 साल बाद कुलपति के रूप में वापसी
प्रो. जेपी सैनी वर्ष 2010 से 2013 तक विश्वविद्यालय बनने से पहले इंजीनियरिंग कॉलेज के अंतिम प्राचार्य थे। कॉलेज को विश्वविद्यालय का दर्जा दिलाने में उनकी अहम भूमिका रही। अब 10 वर्ष बाद उन्होंने कुलपति के रूप में वापसी की है।
नए प्रशासनिक ब्लॉक का किया निरीक्षण
कार्यभार ग्रहण करने से पहले प्रो. जेपी सैनी और प्रो. जेपी पांडेय ने नए प्रशासनिक ब्लॉक का निरीक्षण किया। प्रो. जेपी पांडेय ने प्रो. सैनी को नए ब्लॉक की खासियत बताई। इसका लोकार्पण बीते 26 सितंबर को ही हुआ है। उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही यह भवन हस्तांतरित हो जाएगा।
इसे भी पढ़ें: 30 सितंबर को वैधता हो रही खत्म: महज दो दिन का मौका, बदल लें दो हजार के नोट
प्रो. जेपी पांडेय के पास था प्रभार
इसे भी पढ़ें: दो महीने पहले भी गोरखपुर आई थी एनआईए टीम, अबकी पूरी तैयारी से आए अफसर; की पूछताछ
नैक ए प्लस व रिकॉर्ड 2500 प्लेसमेंट बड़ी उपलब्धि
प्रो. जेपी पांडेय तीन वर्ष दो महीने तक कुलपति रहे। उनके कार्यकाल में एमएमएमयूटी नैक मूल्यांकन में ए ग्रेड पाने वाला प्रदेश का पहला विश्वविद्यालय बना था। इसके अलावा पिछले तीन वर्षों में करीब 2500 से अधिक छात्रों को अच्छे पैकेज पर कैंपस प्लेसमेंट मिला। तीन वर्ष पहले विवि की जो एफडी 65 करोड़ की थी, वह इनके कार्यकाल में 130 करोड़ रुपये की हो गई।