Chhath Puja 2023: दशहरा और दिवाली के बाद अब छठ पर जोर...थमा रहेगा डीजे का शोर
एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने कहा कि दुर्गा पूजा, लक्ष्मी पूजा में पुलिस जिस तरह से तैयारी की थी, उसी तरह से छठ में रहेगी। पुलिस वाले एक-एक मूर्ति की जानकारी हासिल करेंगे। इसके अलावा हर मूर्ति के लिए एक पुलिसकर्मी को नोडल बनाया जाएगा। डीजे, साउंड हाईकोर्ट के मानक के अनुसार ही बजेंगे।
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गोरखपुर शहर में दशहरा, दिवाली में डीजे का शोर थमने के बाद अब पुलिस की तैयारी छठ को लेकर है। छठ माता की मूर्ति स्थापित करने वाले सभी आयोजकों का ब्योरा लिया जाएगा और पहले दो त्योहारों की तरह ही छठ में भी पुलिसकर्मियों को नोडल बनाया जाएगा।
इसके अलावा डीजे संचालकों और मूर्ति स्थापना समिति के साथ पुलिस के जिम्मेदार बैठक करेंगे और उन्हें हाईकोर्ट के नियम-कानून को दोबारा बताएंगे। उसके बाद भी पंडाल व जुलूस में तेज आवाज में डीजे बजता मिला तो पहले पुलिस समझाएगी, नहीं माने तो डीजे सिस्टम जब्त कर लेगी और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर केस दर्ज कर जेल भेजेगी।
जानकारी के मुताबिक, दिवाली के त्योहार में डीजे का शोर कम कराने में पुलिस सफल रही है। अब एसएसपी ने छठ पर्व को लेकर भी आदेश जारी कर दिया है। एसएसपी ने बताया कि मूर्ति स्थापित करने वाली समितियों के अलावा डीजे संचालकों के साथ भी बैठक कर उन्हें भी फिर नियम कायदा समझाया जाएगा।
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बताया जाएगा कि उल्लंघन पर डीजे सिस्टम को जब्त कर लिया जाएगा। उन्होंने निर्देश दिया है कि सभी थानेदार अपने-अपने इलाके के मूर्तिकारों के संपर्क में रहें। कौन सा मूर्तिकार कितनी मूर्तियों को बना रहा है, इसका आंकड़ा जुटाया जाए। इसके बाद पुलिस खरीदारों का नाम पता नोट करेगी। इससे तय हो जाएगा कि जिले में कितनी मूर्तियां स्थापित होंगी और कहां पर हैं।
वैसे तो कोशिश यह भी है कि परंपरागत मूर्तियों की ही स्थापना कराई जाए, नए को अनुमति न दी जाए। लेकिन, यह बाद में ही तय हो जाएगा। फिलहाल, पुलिस सभी पूजा समितियों के संपर्क में रहेगी।
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ऐसे बनाई गई कार्ययोजना, ताकि सुरक्षा में न होने पाए चूक
एसएसपी ने बताया कि थाने और हर मूर्तिकार के यहां पर दरोगा रैंक के एक-एक पुलिसकर्मी को नोडल बनाया जाएगा, जो यह जानकारी जुटाएंगे कि कितनी मूर्तियां स्थापित हो रहीं हैं। मूर्तिकार से पुलिस यह फीडबैक लेगी कि उसके यहां से कहां-कहां और कितनी मूर्तियां गई हैं। उस जानकारी को समितियों की ओर से दी गई मूर्तियों की सूचना से मिलान कराकर सूची तैयार कराई जाएगी। साथ ही मूर्ति जहां स्थापित हो रही है, उस क्षेत्र के एक-एक सिपाही को उसका नोडल बनाया गया है, जो यह सुनिश्चित कराएगा कि मूर्ति किस दिन स्थापित होगी, किस दिन किस रूट से विसर्जन को जाएगी। माइक और साउंड बजने की क्षमता कोर्ट के निर्देशों के अनुसार है कि नहीं।
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एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने कहा कि दुर्गा पूजा, लक्ष्मी पूजा में पुलिस जिस तरह से तैयारी की थी, उसी तरह से छठ में रहेगी। पुलिस वाले एक-एक मूर्ति की जानकारी हासिल करेंगे। इसके अलावा हर मूर्ति के लिए एक पुलिसकर्मी को नोडल बनाया जाएगा। डीजे, साउंड हाईकोर्ट के मानक के अनुसार ही बजेंगे। इसके लिए डीजे संचालकों के साथ बैठक भी की जाएगी। नियम तोड़ने वालों पर पुलिस सख्त कार्रवाई करेगी।