फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Aami: Contaminated water samples were collected from five locations; a report will be prepared.

आमी : पांच जगहों से लिए दूषित पानी के नमूने, तैयार होगी रिर्पोर्ट

Sat, 13 Dec 2025 12:37 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sat, 13 Dec 2025 12:37 AM IST
विज्ञापन
Aami: Contaminated water samples were collected from five locations; a report will be prepared.
आमी नदी के प्रदूषित पानी के नमूने लेने के लिए पहुंचे जांच समिति के सदस्य व अन्य। स्रोत-सोशल मीड
- नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल को रिपोर्ट सौंपे जाने के लिए जांच समिति ने लिए नमूने
विज्ञापन

- एसडीएम सहजनवां के साथ ही सीबीसीबी और यूपीपीसीबी के अधिकारी रहे मौजूद
अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। आमी नदी के प्रदूषण को लेकर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने जांच के निर्देश दिए थे। एनजीटी के निर्देश पर गठित समिति ने शुक्रवार को आमी नदी और विभिन्न जगहों से आ रहे प्रदूषित पानी के नमूने लिए। कुल पांच नमूने लिए गए हैं। इसकी रिपोर्ट तैयार कर 12 जनवरी को एनजीटी के समक्ष प्रस्तुत की जाएगी।

जांच समिति में केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, लखनऊ के क्षेत्रीय निदेशक कमल कुमार, एसडीएसम सहजनवां केशरी नंदन तिवारी, क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के पीपी सिंह और डॉ. रजनीश सिंह आदि शुक्रवार को पहुंचे थे। औद्योगिक क्षेत्र की ओर से बहने वाले पानी के जगह-जगह नमूने लिए गए। ये नमूने मुरारी इंटर कॉलेज, सहजनवां के पास, सेक्टर-13, सेक्टर-15 में औद्योगिक क्षेत्र से लिए गए। इसके अलावा सरिया नाला जहां आमी नदी में मिलता है उससे पहले और नदी में मिलने के बाद वाले स्थान पर भी नमूने लिए गए। सीपीसीबी, लखनऊ के निदेशक इसके नोडल अधिकारी हैं, इसलिए सभी सैंपल लखनऊ ले जाए गए। बताया जा रहा है कि वहीं पर इसकी जांच की जाएगी। जांच के बाद रिपोर्ट तैयार कर एनजीटी के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा।
विज्ञापन


---
यह है मामला
देवरिया जिले के गौरी बाजार निवासी पर्यावरण कार्यकर्ता अनिल पांडेय ने एनजीटी में आमी नदी के प्रदूषण की शिकायत की है। इस मामले में छह अक्तूबर को एनजीटी में सुनवाई हुई। इसके बाद एनजीटी ने केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी), उप्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (यूपीपीसीबी) और गोरखपुर के डीएम से मामले की जांच कराकर रिपोर्ट देने को कहा है। मामले में अगली सुनवाई 12 जनवरी को होगी। उससे पहले इन विभागों को मिलकर जांच कर अपनी रिपोर्ट तैयार करनी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed