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चार साल बाद सबसे अधिक महिलाएं होंगी कैंसर से ग्रसित

Wed, 29 Sep 2021 08:00 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Wed, 29 Sep 2021 08:00 PM IST
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After four years, most women will be suffering from cancer
नई दिल्ली। चार साल बाद दिल्ली के कैंसर मरीजों में महिलाओं की संख्या सबसे अधिक होगी। राष्ट्रीय राजधानी पहला ऐसा महानगर होगा, जहां पुरुषों से अधिक महिलाएं कैंसर से पीड़ित होंगी। साल 2025 में इनकी संख्या में करीब 20 फीसदी से अधिक बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है। यह आशंका नई दिल्ली स्थित भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) ने हाल ही में जारी रिपोर्ट में जताई है।
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रिपोर्ट के अनुसार साल 2020 में कोरोना महामारी के दौरान दिल्ली के 25 हजार से भी अधिक लोग कैंसर पीड़ित मिले थे, जिनमें महिलाओं की संख्या पुरुषों की तुलना में कम है। लेकिन महिलाओं में तेजी से बढ़ते कैंसर के मामलों को देखते हुए आईसीएमआर के वैज्ञानिकों ने कहा है कि साल 2025 में करीब 14626 महिलाएं कैंसर ग्रस्त हो सकती हैं। जबकि इस दौरान पुरुष कैंसर मरीजों की संख्या 14612 हो सकती है। साल 2020 में 12754 पुरुष और 12424 महिलाएं कैंसर की चपेट में आई हैं।
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आईसीएमआर के अनुसार पुरुषों में सबसे अधिक फेफड़े, मुंह, जीभ, प्रोस्टेंट और गले का कैंसर मिल रहा है। जबकि महिलाओं में सबसे अधिक स्तन, गर्भाश्य ग्रीवा, पित्ताशय, अंडाशय और गर्भनाल का कैंसर मिल रहा है। गौर करने वाली बात है कि 41 फीसदी पुरुषों में कैंसर की वजह तंबाकू का सेवन है। फिलहाल दिल्ली की स्थिति ऐसी है कि हर छह में से एक पुरुष और सात में से एक महिला को कैंसर होने का जोखिम है।
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फेफड़ों का कैंसर सबसे अधिक
आईसीएमआर के राष्ट्रीय रोग सूचना विज्ञान व अनुसंधान केंद्र के निदेशक डॉ. प्रशांत माथुर ने बताया कि दिल्ली की हवा पहले से ही प्रदूषित है। ऐसे में तंबाकू का सेवन सबसे अधिक सिगरेट के रुप में लोग कर रहे हैं। इसका परिणाम है कि पुरुषों में 25 फीसदी कैंसर के मामले सिर्फ फेफड़ों से जुड़े हैं। इनके अलावा 18 और 16 फीसदी कैंसर के मामले मुंह और जीभ से जुड़े हैं जो सीधे तौर पर तंबाकू के कारण की ओर इशारा करते हैं। महिलाओं में भी यह स्थिति गंभीर है। कुल कैंसर पीड़ित महिलाओं में जीभ और मुंह कैंसर के मामले लगभग बराबर 17-17 फीसदी हैं लेकिन फेफड़ों में कैंसर का आंकड़ा 27 फीसदी है। उन्होंने बताया कि पिछले 10 साल से कैंसर तेजी से आगे बढ़ रहा है। अगर इस ट्रेंड की समीक्षा करें तो साल 2025 तक दिल्ली ऐसा शहर होगा जहां पुरुषों से ज्यादा महिलाएं कैंसर पीड़ित होंगी।

कैंसर के लिए दिल्ली में सुविधा
कैंसर मरीजों के लिए दिल्ली में एम्स का डॉ. बीआर आंबेडकर इंडियन रोटरी कैंसर इंस्टीट्यूट और लोकनायक अस्पताल मौजूद है। इनके अलावा राज्य सरकार मरीजों के लिए दिल्ली आरोग्य कोष, दिल्ली आरोग्य निधि, मोबाइल स्वास्थ्य योजना और स्कूल स्वास्थ्य योजना भी चला रही है। कैंसर मरीजों के लिए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से भी उपचार में आर्थिक मदद की जाती है।
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