घरवालों की मर्जी के खिलाफ प्रेमी-प्रेमिका का पंचायत ने कराया निकाह, मामा ने दी दोनों को पनाह
नगर के एक प्रेमी को प्रेमिका का रिश्ता तय होना इस कदर नागबार गुजरा कि वह रिश्ता तुड़वाने के लिए प्रेमिका के मंगेतर से जा मिला। मामला बिरादरी की पंचायत में पहुंचा तो बिरादरी के सरपंचों ने प्रेमी-प्रेमिका को मिलाते हुए निकाह का फरमान सुना दिया।
प्रेमी के परिजनों के विरोध को दरकिनार करते हुए पंचों ने मौलवी को बुलाकर देर रात अपनी मौजूदगी में ही निकाह करा दिया। परिवार के विरोध को देखते हुए दूल्हे का मामा दोनों को अपने घर ले गया।
नगर के एक मोहल्ले में एक व्यक्ति के पुत्र का अपने ही पड़ोस में रहने वाली युवती से पिछले काफी समय से प्रेम प्रंसग चल रहा था। इस युवती का उसके परिजनों ने कुछ दिनों पहले रिश्ता बुलंदशहर क्षेत्र के एक युवक से तय कर दिया था।
शादी तुड़वाने प्रेमी पहुंचा मंगेतर के घर
युवती ने रिश्ता तय होने की खबर जब अपने प्रेमी को बताई तो वह मंगेतर के यहां पहुंच गया और उसके मंगेतर से रिश्ते से पीछे हटने को कहा। मंगेतर ने रिश्ते को तोड़ते हुए इसकी सूचना युवती के परिजनों को दे दी।
रिश्ता टूटने की खबर जब बिरादरी के लोगों को लगी तो उन्हे यह पूरा वाक्या नागवार गुजरा। बिरादरी के लोगों ने मंगलवार को एक पंचायत का आयोजन किया। घंटों चली पंचायत में पंचों ने प्रेमी-प्रेमिका के निकाह का फरमान सुनाया।
पंचायत के फरमान पर युवक के परिजनों ने निकाह करने के लिए कुछ महीने का समय मांगा लेकिन पंचायत अपनी जिद पर अड़ी रही। उसके बाद फिर कई घंटे तक चली पंचायत में जद्दोजहद होती रही।
परिजनों ने घर ले जाने से किया इंकार
मंगलवार देर रात 12 बजे पंचायत ने नगर के ही एक काजी को बुलाकर दोनों का अपनी ही मौजूदगी में निकाह करा दिया। आरोप है कि निकाह होने के बाद भी परिजनों ने अपने पुत्र व उसकी दुल्हन को अपने घर ले जाने से इंकार कर दिया।
पंचायत व बिरादरी के सम्मान को देखते हुए युवक के मामा ने दोनों को अपने घर में रखने का प्रस्ताव रखा तो पंचायत ने दोनों को उसके साथ विदा कर दिया।
सूत्रों के मुताबिक युवक के माता पिता भी अपने पुत्र व उसकी दुल्हन को घर ले जाने के लिए तैयार हो गए है। यह निकाह पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।