कोटला के डिजाइन पर उठे सवाल, सर्टिफिकेट पर मिला इंकार
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फिरोजशाह कोटला मैदान का निर्माण कराने के लिए हुई टेंडर प्रक्रिया की भांति उसके नक्शे के डिजाइन पर भी सवाल उठ गया है। दक्षिण दिल्ली नगर निगम ने वर्तमान स्थिति में मैदान का निर्माण कार्य पूरा होने का सर्टिफिकेट देने से इंकार कर दिया है।
नगर निगम ने नक्शे के डिजाइन में कई खामियां निकाली हैं। उसने डिजाइन में परिवर्तन किए जाने के बाद ही सर्टिफिकेट देने का आश्वासन दिया है।
डीडीसीए ने विवादों के बीच फिरोजशाह कोटला मैदान में टी-20 विश्व कप और आईपीएल मैचों के आयोजन कराने की तैयारी शुरू कर दी है।
उसने मैदान का निर्माण कार्य पूरा होने के लिए स्थायी सर्टिफिकेट लेने के सिलसिले में दक्षिण दिल्ली नगर निगम का दरवाजा खटखटाया दिया है। क्योंकि अब उसे मैचों को आयोजन कराने के लिए अस्थायी सर्टिफिकेट दिलाने के लिए पिछले दिनों हाई कोर्ट ने मना कर दिया था।
मैदान में करीब दो माह पहले भारत-दक्षिण अफ्रीका के बीच टेस्ट मैच के लिए अस्थायी सर्टिफिकेट के मामले की सुनवाई करते हुए हाई कोर्ट ने स्पष्ट कर दिया था कि अब भविष्य में इस तरह के मामले में हस्तक्षेप नहीं करेगा।
बदलना होगा कुर्सियां लगाने का डिजाइन
डीडीसीए मैदान का निर्माण कार्य पूरा होने का स्थायी सर्टिफिकेट ले। इसके चलते ही मैदान का निर्माण कार्य पूरा होने के वर्षों बाद डीडीसीए ने सर्टिफिकेट लेने की प्रक्रिया आरंभ की है।
उधर दक्षिण दिल्ली नगर निगम ने मैदान के नक्शे के डिजाइन के अनुसार स्थायी सर्टिफिकेट देने से मना कर दिया। सूत्रों के अनुसार नगर निगम के अधिकारियों ने मैदान में कुर्सी लगाने के डिजाइन पर सवाल खड़ा किया है।
इसके अलावा उन्होंने सीड़ियों में भी खामिया निकाली है। अधिकारियों ने डीडीसीए को नोटिस देकर अपनी आपत्तियों से अवगत करा दिया है। साथ ही कहा है कि उनकी आपत्तिया दूर कर देने के बाद वह बात दे, जिसके चलते मैदान का नए सिर से मुआयना किया जा सके।
नगर निगम के एक अधिकारी ने अमर उजाला को बताया कि मैदान का निर्माण कार्य पूरा होने का सर्टिफिकेट लेने के लिए डीडीसीए के समक्ष कोई बड़ी बाधा नहीं है।
उसके केवल कुछ स्थानों पर कुर्सिया लगाने के डिजाइन में परिवर्तन करना होगा। इसी तरह उनको सीड़ियों में परिवर्तन करना है। उनके बीच जगह तय मापदंड से कम है।