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Terror Network : आतंकी अबू सूफियान के हैंडलर ने गड्ढा खोदकर छिपाए थे हैंड ग्रेनेड, फिर रहमान को दी गई लोकेशन
Wed, 05 Mar 2025 06:48 AM IST
दुष्यंत शर्मा
सोनू यादव, फरीदाबाद
सोनू यादव, फरीदाबाद
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Wed, 05 Mar 2025 06:48 AM IST
सार
बांस रोड पाली से पकड़े गए आतंकी अब्दुल रहमान (19) अलकायदा इन इंडियन सब-कांटिनेंट (एक्यूआईएस) के कुख्यात आतंकी अबू सूफियान के संपर्क में था। अबू सूफियान ने ही अपना हैंडलर भेजकर बांस रोड स्थित खेत के पास गड्ढा खुदवाकर जमीन में दो हैंडग्रेनेड के साथ ही डेटोनेटर भी छिपवाए थे।
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आतंकी अब्दुल रहमान
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बांस रोड पाली से पकड़े गए आतंकी अब्दुल रहमान (19) अलकायदा इन इंडियन सब-कांटिनेंट (एक्यूआईएस) के कुख्यात आतंकी अबू सूफियान के संपर्क में था। अबू सूफियान ने ही अपना हैंडलर भेजकर बांस रोड स्थित खेत के पास गड्ढा खुदवाकर जमीन में दो हैंडग्रेनेड के साथ ही डेटोनेटर भी छिपवाए थे। अब्दुल रहमान को इस स्थान की लोकेशन दी गई थी, जिसके बाद आतंकी यहां पहुंचा और गड्ढे की मिट्टी हटाकर ये सामान वाला पैकेट उसने निकालकर अपने बैग में रख लिया था।
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एक्यूआईएस का प्रमुख आतंकी अबू सूफियान झारखंड चतरा का रहने वाला है। वो एटीएस झारखंड, दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल, एनआईए समेत अन्य एजेंसियों के निशाने पर है और सभी को उसकी तलाश है। अपने कई केसों में ये सुरक्षा एजेंसियां अबू सूफियान को आरोपी बनाकर चार्जशीट भी पेश कर चुकी हैं। अबू सूफिया पीओके (पाक अधिकृत कश्मीर) में जाकर ट्रेनिंग लेने के बाद अब खुद आतंकी माॅड्यूल के तहत युवाओं को चुनकर उनका ब्रेनवॉश कर आतंकी बनाता है।
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जांच एजेंसी के एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि पकड़े गए आतंकी अब्दुल रहमान से पूछताछ व खुफिया एजेंसी के इनपुट से ये पता चला है कि एक्यूआईएस आतंकी अबू सूफियान ने हैंड ग्रेनेड व डेटोनेटर फरीदाबाद में हैंडलर के जरिये पहुंचाए थे। अब्दुल रहमान को यहां पहुंचकर ये सामान लेकर 4 अप्रैल मंगलवार को वापस अयोध्या पहुंचने की टास्क दी गई थी। लेकिन यहां की लोकेशन व आरोपी की फोटो मिलने पर एटीएस गुजरात व हरियाणा एसटीएफ की पलवल यूनिट ने उसे 2 मार्च की दोपहर लगभग ढाई बजे काबू कर लिया। जबकि यहां विस्फोटक पदार्थ रखने वाला आरोपी पुलिस की नजरों से बचकर भागने में कामयाब हो गया।
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स्लीपर सेल की संलिप्तता की भी चल रही जांच
बांस रोड पाली से पकड़े गए आतंकी अब्दुल रहमान की गिरफ्तारी के बाद खुफिया एजेंसियां भी हरकत में आ गई हैं। एजेंसियां अब इस मामले में ये जांच कर रही है कि स्लीपर सेल की इस केस में संलिप्तता तो नहीं है। साथ ही स्लीपर सेल को कौन तैयार कर रहा था और अब्दुल रहमान को भी कहीं उसी मॉड्यूल के तहत तो तैयार नहीं किया गया था। वहीं आरोपी आतंकी अब्दुल रहमान से पूछताछ में पता चला कि वो कट्टा बनाना भी जानता है। एसटीएफ के एक अधिकारी ने बताया कि जो हैंड ग्रेनेड इससे मिले हैं, वो 30 मीटर तक नुकसान पहुंचाते हैं।
आतंकी के मोबाइलों से खुलेंगी पूरे मॉड्यूल की कड़ियां
बास रोड पाली से गिरफ्तार किए गए आतंकी अब्दुल रहमान (19) के दो मोबाइलों से पूरे आतंकी मॉड्यूल की कड़ियां खुलेंगी। जांच में जुटी एटीएस गुजरात और एसटीएफ पलवल ने गिरफ्तारी के दौरान आरोपी के पास से दो मोबाइल बरामद किए हैं। जांच टीम अब इन मोबाइल की कॉल डिटेल व सीडीआर चेक कर रही है। इसके साथ ही इन दोनों ही मोबाइलों में जांच एजेंसी को कई संदिग्ध वीडियो भी मिले हैं जो धर्म विशेष को टारगेट करते हुए भावनाएं भड़काने वाले बताए जा रहे हैं।
जांच टीम के आधिकारिक सूत्र ने बताया कि आरोपी अपने इन दोनों मोबाइलों से ही सोशल मीडिया फेसबुक व इंस्टाग्राम अकाउंट चलाता था। जिनके जरिये वो अपने आतंकी साथियों व आकाओं के संपर्क में रहता था। शुरू से ही अब्दुल को सोशल मीडिया पर धर्म से जुड़ी रील्स देखने व लाइक कमेंट करने का शौक था। वहीं से आतंकी मॉडयूल ने इसे टारगेट कर संपर्क किया।
माला को लेकर आरोपी ने खुलासा किया कि ये अपने धर्म को काफी मानता है और इबादत में माला का प्रयोग करता है। इसी के चलते ये हर समय माला को अपने साथ रखता है। आरोपी से ट्रेन की एक टिकट भी मिली है। जो 1 मार्च 2025 को अयोध्या कैंट स्टेशन से दिल्ली जंक्शन की है। जिससे जांच एजेंसी ये मान रही है कि 1 मार्च को ही ये ट्रेन से दिल्ली आया। वहां से लोकेशन मिलने पर फरीदाबाद के पाली एरिया में हैंड ग्रेनेड व अन्य सामान लेने आया।