{"_id":"5be56a6ebdec22693257bf87","slug":"signature-bridge-controversy-aap-delegation-meets-police-commissioner-of-delhi","type":"story","status":"publish","title_hn":"सिग्नेचर ब्रिज विवाद: पुलिस कमिश्नर से मिले आप नेता, मनोज तिवारी पर साजिशन खलल डालने का आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सिग्नेचर ब्रिज विवाद: पुलिस कमिश्नर से मिले आप नेता, मनोज तिवारी पर साजिशन खलल डालने का आरोप
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
Updated Fri, 09 Nov 2018 04:37 PM IST
विज्ञापन
आप नेता
- फोटो : twitter
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सिग्नेचर ब्रिज उद्घाटन समारोह के दौरान छिड़ा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार को आम आदमी पार्टी (आप) ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद मनोज तिवारी के खिलाफ दिल्ली पुलिस आयुक्त अमूल्य पटनायक को शिकायत दी है। इस मसले में आप सांसद नारायण दास गुप्ता, विधायक संजीव झा और पार्टी प्रवक्ता राघव चड्ढा पुलिस मुख्यालय पहुंचे। आप नेताओं ने भाजपा सांसद मनोज तिवारी और उनके समर्थकों के खिलाफ कथित तौर पर हिंसा करने का आरोप लगाया।
विज्ञापन
पुलिस आयुक्त को दी शिकायत में एनडी गुप्ता ने सिलसिलेवार ढंग से वाकये का जिक्र किया है। गुप्ता ने लिखा है कि जब वह आयोजन स्थल पर पहुंचे, उस वक्त भाजपा प्रदेशाध्यक्ष दिल्ली पुलिस के साथ उलझे हुए थे।
विज्ञापन
उन्होंने हैरानी जताई है कि भाजपा समर्थकों को पुलिस ने आयोजन स्थल पर प्रवेश की इजाजत दे रखी थी। जबकि मनोज तिवारी पुलिस से झड़प करते हुए मंच पर चढ़ने की लगातार कोशिश कर रहे थे। इस दौरान उनसे मंच पर न जाने की अपील भी की। मुख्यमंत्री का भाषण शुरू होते ही तिवारी ने दोबारा जबरन मंच पर चढ़ने की कोशिश की।
विज्ञापन
एनडी गुप्ता ने इस पूरे मामले को पूर्व नियोजित साजिश करार देते हुए आरोप लगाया कि इस दौरान भाजपा समर्थक मंच की तरफ बोतल, ग्लास जैसी चीजें फेंक रहे थे। आप सांसद सुशील गुप्ता के साथ खुद को प्रत्यक्षदर्शी बताते हुए गुप्ता ने कहा कि मनोज तिवारी व भाजपा समर्थकों ने साजिशन कार्यक्रम में खलल डाली है।
उनकी मांग है कि मनोज तिवारी व उनके समर्थकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के लिए पुलिस आयुक्त संबंधित थाने को निर्देश दें। एनडी गुप्ता का कहना है कि हालांकि, सारा वाकया रिकार्ड में है। फिर भी, अगर पुलिस उनका बयान लेना चाहती है तो वह साथ सांसद सुशील गुप्ता के साथ इसके लिए उपलब्ध रहेंगे।