{"_id":"6a58ebf6aa451f277608d071","slug":"report-sought-on-the-condition-of-ponds-and-water-bodies-in-gautam-buddha-nagar-delhi-ncr-news-c-340-1-del1004-146026-2026-07-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi NCR News: नोएडा के ध्यानार्थ\nगौतमबुद्ध नगर के तालाबों और जल निकायों की स्थिति पर मांगी रिपोर्ट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi NCR News: नोएडा के ध्यानार्थ गौतमबुद्ध नगर के तालाबों और जल निकायों की स्थिति पर मांगी रिपोर्ट
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) ने गौतमबुद्ध नगर जिले में तालाबों और जल निकायों के संरक्षण, पुनर्जीवन और अतिक्रमण की स्थिति को लेकर जिलाधिकारी से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। अधिकरण ने निर्देश दिया कि रिपोर्ट में जिले के सभी जल निकायों की वर्तमान स्थिति और अतिक्रमण से जुड़ी जानकारी शामिल की जाए। इन प्राधिकरणों ने अपने-अपने क्षेत्रों में स्थित तालाबों और जल निकायों की संख्या एवं स्थिति से संबंधित रिपोर्ट पहले ही प्रस्तुत की थी।
एनजीटी ने कहा कि 10 जुलाई को प्रस्तुत जिलाधिकारी की रिपोर्ट में सभी जरूरी जानकारियां उपलब्ध नहीं थीं। रिपोर्ट में यह स्पष्ट नहीं किया गया था कि कौन से गांव किस विकास प्राधिकरण के अंतर्गत आते हैं और संबंधित तालाबों एवं जल निकायों की पूरी स्थिति क्या है। सुनवाई के दौरान जिलाधिकारी ने अधिकरण को बताया कि विस्तृत रिपोर्ट आठ हफ्ते के भीतर प्रस्तुत कर दी जाएगी। मामले की अगली सुनवाई 25 सितंबर को होगी।
विज्ञापन
नई दिल्ली। राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) ने गौतमबुद्ध नगर जिले में तालाबों और जल निकायों के संरक्षण, पुनर्जीवन और अतिक्रमण की स्थिति को लेकर जिलाधिकारी से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। अधिकरण ने निर्देश दिया कि रिपोर्ट में जिले के सभी जल निकायों की वर्तमान स्थिति और अतिक्रमण से जुड़ी जानकारी शामिल की जाए। इन प्राधिकरणों ने अपने-अपने क्षेत्रों में स्थित तालाबों और जल निकायों की संख्या एवं स्थिति से संबंधित रिपोर्ट पहले ही प्रस्तुत की थी।
एनजीटी ने कहा कि 10 जुलाई को प्रस्तुत जिलाधिकारी की रिपोर्ट में सभी जरूरी जानकारियां उपलब्ध नहीं थीं। रिपोर्ट में यह स्पष्ट नहीं किया गया था कि कौन से गांव किस विकास प्राधिकरण के अंतर्गत आते हैं और संबंधित तालाबों एवं जल निकायों की पूरी स्थिति क्या है। सुनवाई के दौरान जिलाधिकारी ने अधिकरण को बताया कि विस्तृत रिपोर्ट आठ हफ्ते के भीतर प्रस्तुत कर दी जाएगी। मामले की अगली सुनवाई 25 सितंबर को होगी।
विज्ञापन