फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Rape victim girls remain in a shock in whole life.

'ताउम्र एक सदमे में रहेंगी गैंगरेप पीड़ित बच्चियां'

Sun, 18 Oct 2015 01:38 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Sun, 18 Oct 2015 01:38 PM IST
विज्ञापन
Rape victim girls remain in a shock in whole life.

मनौवैज्ञानिक डॉ. अरूणा ब्रूटा ने कहा कि  दुष्कर्म की शिकार ढाई और पांच साल की बच्चियां ताउम्र एक सदमे में जीएंगी।

विज्ञापन


चाहे कितनी भी काउंसलिंग की जाए, उनका दर्द जिंदगी भर उन्हें एक डर और सदमे के साये में जीने को मजबूर करेगा। इस दर्द की भरपाई कोई नहीं कर सकेगा।

इस घटना का असर जीवन भर देखने को मिलता है। ऐसी बच्चियां कभी किसी पुरुष पर भरोसा नहीं कर पातीं। वे अपनी ही नजरों में इज्जत नहीं ला पाती हैं।

'कभी आंख मिलाकर नहीं कर पाते बात'

Rape victim girls remain in a shock in whole life.

दूसरा वे इसे ईश्वर की नियति मान लेती हैं। ऐसे रोगी पेडफिल्य (बाल यौन शोषण) बीमारी से भी आगे होते हैं, जो कि मासूम बच्चियों को अपना निशाना बनाते हैं।

 निठारी कांड का दोषी पेडफिल्य बीमारी से पीड़ित था। हालांकि इन मासूम बच्चियों के गुनहगार बेहद की गंभीर मानसिक रोगी हैं, जिनका खुद पर कंट्रोल नहीं रहता।

ऐसे व्यक्तित्व के लोग कभी आंख मिलाकर बात नहीं करते। उनकी मनोवृत्तियां सामान्य नहीं होती हैं। ऐसे रोगियों को अस्पताल में मानसिक इलाज की जरूरत होती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed