फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Public interest litigation filed in High Court regarding anaj mandi fire case dismissed

अनाज मंडी हादसे को लेकर हाईकोर्ट में दाखिल जनहित याचिका खारिज

Wed, 11 Dec 2019 01:26 AM IST
संजीव कुमार झा अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली Published by: संजीव कुमार झा Updated Wed, 11 Dec 2019 01:26 AM IST
सार

  • अदालत ने मामले में हस्तक्षेप करने से किया इंकार, कहा अधिकारी मामले में देखकर आगे न हो ऐसे हादसे उस पर भी कर रहे काम
  • एक अधिवक्ता की ओर से दाखिल जनहित याचिका में की गई थी मांग कि मामले रिटायर जज से हो न्यायिक जांच या सीबीआई जांच
  • इसके अलावा हताहतों के परिजनों को उचित मुआवजे व भविष्य में ऐसे हादसे न हो इसको सुनिश्चित करने की मांग की थी

विज्ञापन
Public interest litigation filed in High Court regarding anaj mandi fire case dismissed
delhi anaj mandi fire - फोटो : पीटीआई

विस्तार

अनाज मंडी हादसे के बाद आगे ऐसी दुर्घटनाएं दोबारा न हो और हादसे की सीबीआई या किसी रिटायर्ड जज से न्यायिक जांच कराने की मांग को लेकर हाईकोर्ट में दाखिल की गई जनहित याचिका को अदालत ने मंगलवार को खारिज कर दिया।

विज्ञापन


मुख्य न्यायाधीश डीएन पटेल और जस्टिस सी. हरीशंकर की बेंच ने मामले में हस्तक्षेप करने से इंकार करते हुए कहा कि सभी एजेंसियां मामले की छानबीन कर रही हैं। इसके अलावा भविष्य में दोबारा ऐसे हादसे न हो इस पर भी एजेंसियां काम हो रही हैं। ऐसे में इस मामले में कोर्ट का हस्तक्षेप करना जल्दबाजी होगी।
विज्ञापन


अधिवक्ता अवध कौशिक की ओर से हादसे के बाद दिल्ली हाईकोर्ट में जनहित याचिका दाखिल की गई थी। अपनी याचिका में याची ने कहा था कि आठ दिसंबर को हुआ हादसा बहुत बड़ा था। चार मंजिला अवैध इमारत में चल रही फैक्टरी में 43 लोगों की मौत हो गई और कई घायल हो गए।
विज्ञापन
विज्ञापन


याची ने कहा कि न सिर्फ बिल्डिंग को अवैध रूप से बनाया गया था बल्कि यहां पर बिना किसी लाइसेंस के प्लास्टिक मैटेरियल की पैकिंग का काम भी हो रहा था।

अधिवक्ता ने अपनी याचिका में मांग की थी कि हादसे की न्यायिक जांच एक रिटायर्ड जज या सीबीआई के अलावा किसी स्वतंत्र एजेंसी से कराया जाए। पीड़ित परिवारों को उचित मुआवजा दिलवाए जाए। इसके अलावा भविष्य में ऐसे हादसे दोबारा न हो इसके लिए कोर्ट कोई दिशा निर्देश बनवाए।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed