{"_id":"86c54ed56338147405c40d0f3f75d91f","slug":"poster-war-in-haryana-election-hindi-news-jn","type":"story","status":"publish","title_hn":"पोस्टर के लिए नेताजी की जेब से नहीं निकला रुपया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पोस्टर के लिए नेताजी की जेब से नहीं निकला रुपया
दीपक पांडेय/अमर उजाला, फरीदाबाद
Updated Tue, 12 Aug 2014 06:28 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विधानसभा चुनाव नजदीक आते ही नेताओं में पोस्टरवार तेज हो गया है। शहर में जिस तरफ नजर दौड़ाईए पोस्टर, बैनर और होर्डिंग नजर आ रहे हैं। ऐसा लगता है कि मानो नेताओं के बीच पोस्टर प्रतियोगिता हो रही हो।
विज्ञापन
नेताजी ने इस पोस्टरों के लिए नगर निगम को एक रुपया भी अदा नहीं किया है। वही पोस्टर लगवाने के चक्कर में सभी नियम ताक पर रख दिए गए हैं। इस काम में सभी पार्टियों के नेता शामिल हैं। सबसे अधिक पोस्टरबाजी श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री शिवचरण लाल शर्मा के क्षेत्र में हो रही है। क्योंकि इस क्षेत्र में दावेदार बहुत हैं। इन दावेदारों ने पोस्टरों के जरिए पूरे क्षेत्र को बदसूरत कर दिया है।
विज्ञापन
कुछ ऐसे छुटभैय्ये नेता हैं जो अभी हाल ही में प्रकाश में आए हैं। ऐसे लोगों के पोस्टर सबसे ज्यादा हैं। हर दीवार व खंभे पर पोस्टर चिपके हुए हैं। अधिकतर पोस्टरों में नेताजी जनता को त्योहारों की बधाई देते हुए नजर आ रहे हैं। ये लोग पिछले साल के त्योहारों पर दिखाई भी नहीं देते थे।
विज्ञापन
बड़खल क्षेत्र में भी पोस्टरों की बाढ़ आई हुई है। बड़खल क्षेत्र में टिकट के दावेदारों ने तो कम लेकिन नेताओं के समर्थकों ने पोस्टर अधिक लगाए हुए हैं। कई लोगों ने घरों की दीवारों को ही पोस्टर से पाट दिया है। इन नेताओं व उनके समर्थकों का मनाना है कि पोस्टर से ही जनता के बीच हवा बनेगी। इसलिए अभी से ही मेहनत की जा रही है।
मेट्रो के पिलर और एसीपी कार्यालय की दीवार तक नहीं छोड़ी
-नेताओं ने पोस्टर चिपकाने के लिए मेट्रो के पिलर व एसीपी कार्यालय को भी नहीं छोड़ा। मेट्रो के लगभग सभी पिलर पोस्टरों से रंगीन हो रहे हैं। जबकि इन पर पोस्टर लगाना गैरकानूनी है।