{"_id":"69f5ef01e27f3c005202c2f9","slug":"posing-as-fruit-sellers-policemen-solved-a-theft-of-rs-25-lakh-in-three-hours-the-accused-was-arrested-delhi-ncr-news-c-340-1-del1004-134719-2026-05-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi NCR News: फल विक्रेता बनकर पुलिसकर्मियों ने तीन घंटे में 25 लाख चोरी की गुत्थी सुलझाई, आरोपी गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi NCR News: फल विक्रेता बनकर पुलिसकर्मियों ने तीन घंटे में 25 लाख चोरी की गुत्थी सुलझाई, आरोपी गिरफ्तार
विज्ञापन
-मध्य दिल्ली के रंजीत नगर इलाके में 28 अप्रैल को हुई थी दिन दहाड़े चोरी, वारदात के दौरान आरोपी उठाकर ले गया था जेवरात वाला लॉकर, उसमें 25 लाख के जेवरात व अन्य सामान था मौजूद
-पुलिस को घटना स्थल पर मोबाइल पड़ा मिला, उसकी मदद से पुलिस ने आरोपी को फल विक्रेता बनकर मोबाइल लौटाने का झांसा देकर बुलाया और पकड़ लिया
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। फिल्मों में तो आपने कई बार देखा होगा, लेकिन अब मध्य दिल्ली के रंजीत नगर इलाके में दिल्ली पुलिस ने फल विक्रेता बनकर 3 घंटे में ही 25 लाख रुपये की चोरी की गुत्थी सुलझा दी है। हुआ यूं कि एक बदमाश ने दिनदहाड़े घर से जेवरात का भारी भरकम लॉकर ही चोरी कर लिया। बदकिस्मती से घटनास्थल पर आरोपी का मोबाइल गिर गया। बस पुलिस के लिए यही काफी था। फोन की चार्जिंग खत्म हो चुकी थी। पुलिस ने पहले फोन को चार्ज किया।
इसके बाद जैसे ही मोबाइल पर कॉल आई, पुलिसकर्मी ने खुद को फल विक्रेता बताकर मोबाइल लौटाने का झांसा दिया। आरोपी खुद नहीं आया बल्कि उसका भतीजा वहां पहुंचा। टीम ने पहले उसे काबू किया। बाद में उसकी मदद से आरोपी तक पहुंच गई। आरोपी की पहचान बिहार निवासी कलाम नदफ (23) के रूप में हुई। आरोपी की निशानदेही पर पीड़ित की इमारत के निर्माणाधीन फ्लैट से लॉकर बरामद कर लिया गया। उसमें रखी पूरी ज्वेलरी सुरक्षित थी। पुलिस ने महज तीन घंटे के भीतर इस गुत्थी को सुलझाकर आरोपी को दबोच लिया। आरोपी पहले भी चारी के सात मामलों में शामिल रह चुका है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।
विज्ञापन
मध्य जिला पुलिस उपायुक्त रोहित राजबीर ने बताया कि 28 अप्रैल को साउथ पटेल नगर निवासी कारोबारी योगेश शर्मा ने अपने घर से 25 लाख के जेवरात चोरी होने की शिकायत रंजीत नगर थाना पुलिस से की। पीड़ित ने बताया कि सुबह 6 से 7 बजे के बीच घर से किसी ने भारी लॉकर चारी कर लिया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी त्रिभुवन नेगी ने मामले की जांच शुरू की। इस बीच टीम को घर के बाथरूम में एक मोबाइल पड़ा मिला। पीड़ित परिजनों ने बताया कि यह मोबाइल उनका नहीं है। फोन की बैटरी डिस्चार्ज थी। थाना प्रभारी ने फोन हवलदार विकास को दिया और उसे चार्ज करने के लिए कहा। साथ कॉल आने पर फल विक्रेता बनकर बात करने के लिए भी कहा।
विकास को बताया गया कि कॉलर को शक न हो इसके लिए फोन लौटाने के बदले 500 रुपये की डिमांड करने के लिए कहा गया। आरोपी के मोबाइल पर एक लड़के की कॉल और उसने बताया कि फोन उसके चाचा है। विकास ने फोन लौटाने के बदले 500 रुपये मांगे। आरोपी को रहेजा बिल्डिंग के पास फोन देने के लिए बुलाया गया।
विज्ञापन
-पुलिस को घटना स्थल पर मोबाइल पड़ा मिला, उसकी मदद से पुलिस ने आरोपी को फल विक्रेता बनकर मोबाइल लौटाने का झांसा देकर बुलाया और पकड़ लिया
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। फिल्मों में तो आपने कई बार देखा होगा, लेकिन अब मध्य दिल्ली के रंजीत नगर इलाके में दिल्ली पुलिस ने फल विक्रेता बनकर 3 घंटे में ही 25 लाख रुपये की चोरी की गुत्थी सुलझा दी है। हुआ यूं कि एक बदमाश ने दिनदहाड़े घर से जेवरात का भारी भरकम लॉकर ही चोरी कर लिया। बदकिस्मती से घटनास्थल पर आरोपी का मोबाइल गिर गया। बस पुलिस के लिए यही काफी था। फोन की चार्जिंग खत्म हो चुकी थी। पुलिस ने पहले फोन को चार्ज किया।
विज्ञापन
इसके बाद जैसे ही मोबाइल पर कॉल आई, पुलिसकर्मी ने खुद को फल विक्रेता बताकर मोबाइल लौटाने का झांसा दिया। आरोपी खुद नहीं आया बल्कि उसका भतीजा वहां पहुंचा। टीम ने पहले उसे काबू किया। बाद में उसकी मदद से आरोपी तक पहुंच गई। आरोपी की पहचान बिहार निवासी कलाम नदफ (23) के रूप में हुई। आरोपी की निशानदेही पर पीड़ित की इमारत के निर्माणाधीन फ्लैट से लॉकर बरामद कर लिया गया। उसमें रखी पूरी ज्वेलरी सुरक्षित थी। पुलिस ने महज तीन घंटे के भीतर इस गुत्थी को सुलझाकर आरोपी को दबोच लिया। आरोपी पहले भी चारी के सात मामलों में शामिल रह चुका है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।
विज्ञापन
मध्य जिला पुलिस उपायुक्त रोहित राजबीर ने बताया कि 28 अप्रैल को साउथ पटेल नगर निवासी कारोबारी योगेश शर्मा ने अपने घर से 25 लाख के जेवरात चोरी होने की शिकायत रंजीत नगर थाना पुलिस से की। पीड़ित ने बताया कि सुबह 6 से 7 बजे के बीच घर से किसी ने भारी लॉकर चारी कर लिया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी त्रिभुवन नेगी ने मामले की जांच शुरू की। इस बीच टीम को घर के बाथरूम में एक मोबाइल पड़ा मिला। पीड़ित परिजनों ने बताया कि यह मोबाइल उनका नहीं है। फोन की बैटरी डिस्चार्ज थी। थाना प्रभारी ने फोन हवलदार विकास को दिया और उसे चार्ज करने के लिए कहा। साथ कॉल आने पर फल विक्रेता बनकर बात करने के लिए भी कहा।
विकास को बताया गया कि कॉलर को शक न हो इसके लिए फोन लौटाने के बदले 500 रुपये की डिमांड करने के लिए कहा गया। आरोपी के मोबाइल पर एक लड़के की कॉल और उसने बताया कि फोन उसके चाचा है। विकास ने फोन लौटाने के बदले 500 रुपये मांगे। आरोपी को रहेजा बिल्डिंग के पास फोन देने के लिए बुलाया गया।