महीना न देना डॉक्टरों को पड़ा महंगा, 2 सिपाहियों ने जमकर पीटा
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सेक्टर-93 में डॉक्टर द्वारा रात में क्लीनिक चलाने पर दो पुलिसकर्मियों ने सुरक्षा के नाम पर महीना देने की मांग की। डॉक्टर ने रुपये देने से इंकार कर दिया तो अभद्रता की गई। विरोध करने पर सिपाहियों ने उन्हें लाठी से जमकर पीट भी दिया। पीड़ित की शिकायत के बाद एसएसपी ने दोनों पुलिस कर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया है।
सेक्टर-108 निवासी डॉ. प्रदीप मिश्रा गेझा रोड स्थित मार्केट में मदर चाइल्ड क्लीनिक चलाते हैं। उनका आरोप है कि वह बृहस्पतिवार रात करीब 12 क्लीनिक में एक मरीज का इलाज कर रहे थे। इस बीच वहां पीसीआर-52 में तैनात सिपाही धर्मेंद्र व कल्याण सिंह पहुंचे।
उन्होंने डॉक्टर से कहा कि आधी रात को क्लीनिक चला रहे हो। इस पर डॉक्टर ने कहा कि मरीज का इलाज चल रहा है वह पूरा हो जाएगा तो क्लीनिक बंद कर दिया जाएगा। आरोप है कि दोनों सिपाहियों ने हड़काकर तुरंत क्लीनिक बंद करने के लिए कहा।
सिपाही क्लीनिक बंद कराने पर अड़ गए
वहीं, सिपाहियों ने कहा कि अगर उन्हें क्लीनिक चलाना है तो 5 हजार रुपये महीना देना होगा। वह उनकी सुरक्षा के लिए ही तो रातभर घूमते हैं। डॉक्टर ने रुपये देने से इंकार कर दिया तो सिपाही क्लीनिक बंद कराने पर अड़ गए। विवाद होने पर हाथापाई की नौबत आ गई।
दोनों सिपाहियों ने डॉक्टर को लाठियों से पीटना शुरू कर दिया। पीसीआर में बैठे एक अन्य पुलिसकर्मी ने डॉक्टर को बचाया। पीड़ित ने फेज-दो कोतवाली क्षेत्र के थाने जाकर शिकायत दी तो पुलिसकर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने की तहरीर देखकर मुंशी भड़क गए और उन्होंने डॉक्टर को भगा दिया।
इसके बाद पीड़ित ने सूरजपुर स्थित कार्यालय में जाकर मामले की शिकायत एसएसपी डॉ. अजयपाल शर्मा से की। साथ ही घटना का वीडियो भी दिखाया। प्रथमदृष्टया दोषी पाते हुए एसएसपी ने दोनों सिपाहियों को लाइन हाजिर कर दिया। मामले की जांच भी सीओ ग्रेनो प्रथम अमित किशोर श्रीवास्तव को दी गई है।