फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   Three including the 'doctor' who stole the car in three minutes

तीन मिनट में कार चुराने वाले ‘डॉक्टर’ समेत तीन को दबोचा

Thu, 04 Mar 2021 01:35 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Thu, 04 Mar 2021 01:35 AM IST
विज्ञापन
Three including the 'doctor' who stole the car in three minutes
नोएडा। सेक्टर-24 थाना पुलिस ने 25 हजार के इनामी अंतरराज्यीय वाहन चोर गिरोह के सरगना समेत तीन बदमाशों को गिरफ्तार किया है। बुधवार को मोरना स्थित शराब के ठेके के पास से पकड़े गए आरोपियों ने 150 से अधिक वाहनों की चोरी की बात कबूल की है। तीनों की निशानदेही पर ब्रेजा और होंडा सिटी समेत चार कारें बरामद हुई हैं। तीनाें की पहचान वाहिद उर्फ डॉक्टर वाहिद निवासी मेरठ, अंकुर निवासी गाजियाबाद और शुएब निवासी हापुड़ के रूप में हुई है। वाहिद तीन से चार मिनट में कार चुरा लेता था। वह कोडिंग डिवाइस की मदद से चंद मिनट में ऑटोमैटिक वाहनों का लॉक खोल देता था। इसलिए गिरोह के बदमाश उसे डॉक्टर बुलाने लगे थे। उस पर 70 से अधिक मामले दर्ज हैं। गिरोह के चार बदमाश अभी भी फरार हैं। पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है।
विज्ञापन

प्रेसवार्ता में डीसीपी राजेश एस और एडीसीपी रणविजय सिंह ने बताया कि पिछले दिनों एक गिरोह के बदमाश से पूछताछ में डॉ. वाहिद गैंग की जानकारी मिली थी। मुखबिर से सूचना मिलने के बाद बुधवार को करीब 20 पुलिसकर्मियों को सादे कपड़ों में तैनात किया गया था। मोरना शराब ठेके के पास जैसे ही वाहन चोर दिखे उन्हें दबोच लिया गया। दो बदमाश दिल्ली से चोरी की गई ब्रेजा कार का नंबर बदलकर नोएडा आए थे। जबकि एक आरोपी गाजियाबाद से चुराई गई होंडा सिटी कार से आया था।
विज्ञापन

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि डॉ. वाहिद ने करीब 150 वाहन चोरी करके बेचने की बात कबूल की है। उसके गिरोह में सात बदमाश थे। जिसमें हापुड़ निवासी कमरूददीन, दिल्ली निवासी पवन, गाजियाबाद निवासी इरफान और मेरठ निवासी दानिश अभी फरार हैं। वाहिद नोएडा से इनोवा कार चोरी करने के मामले में भी आरोपी फरार चल रहा था। इसी प्रकरण में उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। बदमाशों के कब्जे से दो तमंचे और चाकू, 30 से अधिक चाबियां कोडिंग मशीन, गेयर लॉक को चंद मिनट में तोड़ने वाली मशीन बरामद हुए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

सऊदी अरब के मोबाइल नंबर से चलाता था व्हाट्स एप
आरोपी सऊदी अरब के मोबाइल नंबर पर व्हाट्स एप चलाता था। पूरा गिरोह व्हाटसएप कॉल से ही आपस में संपर्क करता था। पुलिस ने बताया कि उसके दोस्त ने चार मोबाइल सिम सऊदी अरब में लिए थे। जिस पर केवल व्हाट्स एप चलता था। बदमाश परिजनों से अलग-अलग मोबाइल नंबर से बात करते थे।
नए लोगों को नहीं बेचता था कार
डॉक्टर के गिरोह में वर्ष 2005 से 7 ही बदमाश थे। जो अब तक चले आ रहे हैं। आरोपी किसी नए व्यक्ति को वाहन नहीं बेचते थे। केवल चोर को ही वाहन बेचते थे और किसी बाहरी युवक को अपने गैंग में शामिल नहीं करते थे। जो कारें अच्छी हालत में होती थी उन्हें बिहार, राजस्थान, हरियाणा और झारखंड भेज दी जाती थीं। जबकि जो कार अच्छी हालत की नहीं होती थी उनको कटवाकर पार्ट्स छोटे मकैनिकों को सप्लाई कर दिया जाता था।
परिवार में था डॉक्टर, पहले कंपाडर था वाहिद
एसीपी रजनीश वर्मा ने बताया कि वाहिद के परिवार में कोई डॉक्टर था। वाहिद उसी के पास कंपाउंडर के रूप में कार्य करता था। लेकिन साल 2003 से वाहन चोरी की घटना में संलिप्त पाया गया तो डॉक्टर ने क्लीनिक से हटा दिया। जेल से बाहर आने के बाद वाहन चोरी करने लगा।

दिल्ली-एनसीआर में ले रखे थे किराए के 10 मकान
पुलिस से बचने के लिए आरोपी ने दिल्ली, गाजियाबाद, हापुड़, मेरठ, बागपत और बुलंदशहर समेत एनसीआर में 10 से अधिक मकान किराए पर ले रखे थे। वह आए दिन ठिकाना बदलता रहता था। सभी जगह गिरोह के अलग-अलग बदमाशों की आईडी से मकान किराये पर लिए गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed