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सुकन्या समृद्धि योजना बेटियों के भविष्य के लिए कारगर : एडीसी
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सुकन्या समृद्धि योजना बेटियों के लिए कारगर
नूंह। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान को साकार रूप देने के लिए केंद्र सरकार द्वारा चलाई जा रही सुकन्या समृद्धि योजना बेटियों के लिए कारगर सिद्ध हो रही है। इस योजना के अंतर्गत मिलने वाली धनराशि बेटी की उच्च शिक्षा और उसके विवाह के समय सहायक सिद्ध होगी। आमजन को इस योजना का लाभ डाकघरों और बैंकों के माध्यम से दिया जा रहा है। यह बातें रविवार को अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसी) डॉ. मुनीष नागपाल ने कहीं।
उन्होंने बताया कि योजना के तहत कोई भी अभिभावक बेटी के नाम पर किसी भी पोस्ट ऑफिस या बैंक में खाता खुलवा सकता है। 10 वर्ष तक की अधिकतम दो बच्चियों के नाम पर यह खाता खुलवा सकते हैं। इसमें 15 साल तक निवेश किया जा सकता है। अगर बेटी की उम्र 18 साल हो जाती है और उसे पढ़ाई या उसकी शादी के लिए रुपयों की जरूरत है तो 50 फीसदी तक धनराशि निकाल सकते हैं। बेटी की आयु 21 साल होने पर खाते को बंद कर सकते हैं। हर महीने कम से कम 250 और साल में अधिकतम 1.50 लाख रुपये निवेश कर सकते हैं। इस पर 8.4 फीसदी ब्याज सरकार की ओर से मिलता है। योजना में निवेश करने से अभिभावकों को निवेश धारा 80 सी के तहत आयकर में छूट भी मिलती है। योजना का लाभ लेेने के लिए बेटी का जन्म प्रमाण, पहचान प्रमाण, निवास प्रमाण पत्र और अभिभावक के दो फोटो आवश्यक हैं।
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नूंह। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान को साकार रूप देने के लिए केंद्र सरकार द्वारा चलाई जा रही सुकन्या समृद्धि योजना बेटियों के लिए कारगर सिद्ध हो रही है। इस योजना के अंतर्गत मिलने वाली धनराशि बेटी की उच्च शिक्षा और उसके विवाह के समय सहायक सिद्ध होगी। आमजन को इस योजना का लाभ डाकघरों और बैंकों के माध्यम से दिया जा रहा है। यह बातें रविवार को अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसी) डॉ. मुनीष नागपाल ने कहीं।
उन्होंने बताया कि योजना के तहत कोई भी अभिभावक बेटी के नाम पर किसी भी पोस्ट ऑफिस या बैंक में खाता खुलवा सकता है। 10 वर्ष तक की अधिकतम दो बच्चियों के नाम पर यह खाता खुलवा सकते हैं। इसमें 15 साल तक निवेश किया जा सकता है। अगर बेटी की उम्र 18 साल हो जाती है और उसे पढ़ाई या उसकी शादी के लिए रुपयों की जरूरत है तो 50 फीसदी तक धनराशि निकाल सकते हैं। बेटी की आयु 21 साल होने पर खाते को बंद कर सकते हैं। हर महीने कम से कम 250 और साल में अधिकतम 1.50 लाख रुपये निवेश कर सकते हैं। इस पर 8.4 फीसदी ब्याज सरकार की ओर से मिलता है। योजना में निवेश करने से अभिभावकों को निवेश धारा 80 सी के तहत आयकर में छूट भी मिलती है। योजना का लाभ लेेने के लिए बेटी का जन्म प्रमाण, पहचान प्रमाण, निवास प्रमाण पत्र और अभिभावक के दो फोटो आवश्यक हैं।
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