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60 फीडरों पर करोड़ों की राजस्व हानि, 30 हजार उपभोक्ता जांच में घिरे

Fri, 16 Oct 2020 12:24 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Fri, 16 Oct 2020 12:24 AM IST
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Revenue loss of crores on 60 feeders, 30,000 consumer checks engulfed
60 फीडरों पर करोड़ों की राजस्व हानि, 30,000 उपभोक्ता जांच में घिरे
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नोएडा (गौरव शर्मा)। बिजली चोरी कहें या मीटर रीडिंग में खेल, जिले में विद्युत निगम को प्रत्येक महीने करोड़ों रुपये की राजस्व हानि का खुलासा विद्युत निगम के अफसरों की जांच में हुआ है। जांच में सामने आया है कि जिले में फीडर की संख्या करीब 600 है। इनमें से 60 फीडरों पर लाइन लॉस की स्थिति बेहद खराब है। इनमें लाइन लॉस 15 फीसदी से कम होना चाहिए, लेकिन इन फीडरों पर लाइन लॉस 22 से लेकर 40 से 50 फीसदी के आसपास तक पहुंच गया है। चीफ इंजीनियर ने 30 फीडरों की जांच विजिलेंस को सौंपी है। वहीं, शेष 30 फीडरों की जांच विभाग के 5 एसडीओ करेंगे। सभी फीडरों पर होने वाले लाइन लॉस के कारणों की तलाश करेंगे। बता दें कि जनपद में शहर और देहात में कुल उपभोक्ताओं की संख्या करीब 3.23 लाख है। मामले में 30 उपभोक्ता जांच के घेरे में हैं।
20 से 25 करोड़ राजस्व हानि की आशंका
60 फीडरों पर 30 हजार बिजली उपभोक्ता होने का अनुमान है। इन फीडरों पर लाइन लॉस बढ़ा होने के कारण प्रत्येक महीने 20 से 25 करोड़ रुपये की राजस्व हानि होने की आशंका है। कोरोना काल में स्थिति और भयावह हुई है। विभागीय सूत्रों ने बताया कि कर्मियों की उपभोक्ताओं से सांठगांठ बिना न तो बिजली चोरी होती है, न ही रीडिंग स्टोर का खेल हो सकता है। ऐसे में फीडर की जांच करने वाले विजिलेंस अधिकारी और एसडीओ हजारों उपभोक्ताओं से पूछताछ कर सकते हैं। जांच बढ़ने पर फीडर से जुड़े बिजली अफसर-कर्मियों की गर्दन तक नप सकती है।
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दादरी, जेवर और दनकौर के बुरे हाल
अफसरों की जांच में जो 60 फीडर सामने आए हैं, इनमें से अधिकांश दादरी, जेवर, दनकौर और रबूपुरा आदि देहात क्षेत्र के हैं। यहां लाइन लॉस की स्थिति 22 फीसदी से अधिक मिली है। कई फीडर पर लाइन लॉस 40 से 50 प्रतिशत के करीब है। हालांकि, शहर के कुछ फीडर पर भी लाइन लॉस अधिक मिला है।
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यह होता है लाइन लॉस
विभागीय अफसर के मुताबिक, बिजली की आपूर्ति और उसके सापेक्ष मिलने वाले राजस्व का पूरा खेल लाइन लॉस प्रक्रिया से जुड़ा है। उपकेंद्र से किसी एक फीडर को जाने वाली कुल बिजली के सापेक्ष उपयोग की गई बिजली, उपभोक्ताओं के मीटर की रीडिंग और जमा बिल की गणना की जाती है। उदाहरण के तौर पर अगर किसी फीडर को 100 यूनिट बिजली गई और मीटर यूनिट 70 आई हो तो शेष 30 यूनिट को बिजली चोरी या रीडिंग लेने में गड़बड़ी माना जाता है।
900 बिजली कनेक्शन काटे
विद्युत निगम राजस्व घाटे की भरपाई के लिए अभियान चलाया जा रहा है। जिले में पिछले तीन दिन में 900 कनेक्शन काटे गए हैं। इससे कुछ दिन पहले अफसरों ने 1000 कनेक्शन काट थे। अब तक 1900 कनेक्शन काटे जा चुके हैं। विभागीय अफसरों ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ बिजली चोरी का मुकदमा दर्ज कराने की कार्रवाई की जा रही है।

60 फीडरों पर लाइन लॉस बढ़ा मिला है। इससे करोड़ों की राजस्व हानि हो रही है। मामले की जांच विजिलेंस और विभागीय अधिकारियों को सौंपी गई है। किसी की संलिप्तता या लापरवाही मिलने पर कार्रवाई तय है।
- वीएन सिंह, चीफ इंजीनियर, विद्युत निगम
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