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Noida News: मोबाइल एप से भरे जाएंगे प्रयोगात्मक परीक्षाओं के अंक, परिणाम आने में नहीं होगी देर
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परीक्षकों को आवंटित कॉलेज के 200 मीटर के अंदर से ही मोबाइल एप के माध्यम से भरने होंगे अंक
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोए़डा। यूपी बोर्ड के हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा की समय-सारिणी घोषित होने के बाद प्रैक्टिकल की तैयारी शुरू हो गई हैं। अब परीक्षक को स्कूल पहुंचने के बाद ही एप के जरिए प्रश्न पत्र डाउनलोड करने होंगे। प्रयोगात्मक परीक्षा लेने के बाद तत्काल परीक्षार्थी को दिए जाने वाले अंक ऑनलाइन करने होंगे। पहले परीक्षक कॉलेज जाकर विषय तर्क संगत अपनी मर्जी से प्रश्न करते थे। इसके बाद अंक दिए जाते थे। अब यह व्यवस्था बदल दी गई है।
जिला विद्यालय निरीक्षक राजेश कुमार सिंह ने बताया कि पिछले साल पहली बार ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यम से अंक भरवाए गए थे। उन्होंने बताया कि प्रयोग के तौर पर ऑनलाइन तरीके से अंक भरवाए गए थे, लेकिन अबकी बार ऑनलाइन अंक भरवाए जाएंगे। संबंधित परीक्षकों को आवंटित कॉलेज के 200 मीटर के अंदर से ही मोबाइल एप के माध्यम से अंक भरने होंगे। इससे बोर्ड परीक्षा का परिणाम जल्द तैयार करने में मदद मिलेगी।
उन्होंने बताया कि अब परीक्षक को कॉलेज जाकर अपने मोबाइल पर एक एप डाउनलोड करना होगा। एप डाउनलोड होने के बाद परीक्षक को जो यूजर आइडी अलॉट होगी, उसे भरना पड़ेगा। परीक्षक का पासवर्ड उसकी जन्मतिथि होगी। इतना करने के बाद मोबाइल स्क्रीन पर दिखाए जाने वाले सवाल सामने होंगे। छात्रों को सवालों का जवाब देना होगा। परीक्षा की प्रक्रिया पूरी होने के बाद तत्काल एप पर ही दिए गए अंक को भरना होगा। इस नई व्यवस्था से अब प्रैक्टिकल परीक्षा में लेट लतीफी नहीं होगी।
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नेटवर्क की समस्या बन सकती है बाधक
पिछले साल प्रयोग के तौर पर शुरू हुई प्रकिया में नेटवर्क बाधक बनकर सामने आया था। कई गांव में संचालित कॉलेज के परीक्षकों को अंक भरने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ा था। परीक्षकों ने बताया कि वह जिस कॉलेज में प्रैक्टिकल करने जाते थे वहां पर काफी दूर के मोबाइल टावर का नेटवर्क होता है। ऐसेे में अगर कॉलेज जाकर भी एप डाउनलोड करें तो उसकी लोकेशन काफी दूर दिखती है। इसलिए जिस क्षेत्र में कॉलेज का नेटवर्क होता है वहां जाकर एप डाउन लोड करना होता है। इसके बाद परीक्षा केंद्र या फिर टावर की परिधि में ही रहकर परीक्षा ली जाती है। इस समस्या को दूर कराने के लिए बोर्ड को सुझाव दिए गए हैं।
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माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोए़डा। यूपी बोर्ड के हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा की समय-सारिणी घोषित होने के बाद प्रैक्टिकल की तैयारी शुरू हो गई हैं। अब परीक्षक को स्कूल पहुंचने के बाद ही एप के जरिए प्रश्न पत्र डाउनलोड करने होंगे। प्रयोगात्मक परीक्षा लेने के बाद तत्काल परीक्षार्थी को दिए जाने वाले अंक ऑनलाइन करने होंगे। पहले परीक्षक कॉलेज जाकर विषय तर्क संगत अपनी मर्जी से प्रश्न करते थे। इसके बाद अंक दिए जाते थे। अब यह व्यवस्था बदल दी गई है।
जिला विद्यालय निरीक्षक राजेश कुमार सिंह ने बताया कि पिछले साल पहली बार ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यम से अंक भरवाए गए थे। उन्होंने बताया कि प्रयोग के तौर पर ऑनलाइन तरीके से अंक भरवाए गए थे, लेकिन अबकी बार ऑनलाइन अंक भरवाए जाएंगे। संबंधित परीक्षकों को आवंटित कॉलेज के 200 मीटर के अंदर से ही मोबाइल एप के माध्यम से अंक भरने होंगे। इससे बोर्ड परीक्षा का परिणाम जल्द तैयार करने में मदद मिलेगी।
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उन्होंने बताया कि अब परीक्षक को कॉलेज जाकर अपने मोबाइल पर एक एप डाउनलोड करना होगा। एप डाउनलोड होने के बाद परीक्षक को जो यूजर आइडी अलॉट होगी, उसे भरना पड़ेगा। परीक्षक का पासवर्ड उसकी जन्मतिथि होगी। इतना करने के बाद मोबाइल स्क्रीन पर दिखाए जाने वाले सवाल सामने होंगे। छात्रों को सवालों का जवाब देना होगा। परीक्षा की प्रक्रिया पूरी होने के बाद तत्काल एप पर ही दिए गए अंक को भरना होगा। इस नई व्यवस्था से अब प्रैक्टिकल परीक्षा में लेट लतीफी नहीं होगी।
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नेटवर्क की समस्या बन सकती है बाधक
पिछले साल प्रयोग के तौर पर शुरू हुई प्रकिया में नेटवर्क बाधक बनकर सामने आया था। कई गांव में संचालित कॉलेज के परीक्षकों को अंक भरने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ा था। परीक्षकों ने बताया कि वह जिस कॉलेज में प्रैक्टिकल करने जाते थे वहां पर काफी दूर के मोबाइल टावर का नेटवर्क होता है। ऐसेे में अगर कॉलेज जाकर भी एप डाउनलोड करें तो उसकी लोकेशन काफी दूर दिखती है। इसलिए जिस क्षेत्र में कॉलेज का नेटवर्क होता है वहां जाकर एप डाउन लोड करना होता है। इसके बाद परीक्षा केंद्र या फिर टावर की परिधि में ही रहकर परीक्षा ली जाती है। इस समस्या को दूर कराने के लिए बोर्ड को सुझाव दिए गए हैं।