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निठारी कांड : कोर्ट में तर्क पूर्ण ढंग से अपना पक्ष रखना महत्वपूर्ण

Wed, 18 Oct 2023 01:48 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Wed, 18 Oct 2023 01:48 AM IST
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Nithari case: It is important to present one's side in a logical manner in the court.
कोर्ट में तर्क पूर्ण ढंग से अपना पक्ष रखना महत्वपूर्ण
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निठारी कांड के दौरान एसएसपी रहे आरकेएस राठौर ने कहा, साक्ष्य के साथ किया था खुलासा
पड़ोसी को भी नहीं लगी अपने बच्चे की हत्या की भनक, सुरेंद्र कोली ने स्वीकार किया था जुर्म

माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। निठारी कांड को लेकर हाईकोर्ट के फैसले के बाद तत्कालीन एसएसपी आरकेएस राठौर ने कहा कि केस का साक्ष्यों के साथ खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। सुरेंद्र कोली ने न केवल जुर्म स्वीकार किया था बल्कि वारदात के संबंध में पूरी जानकारी भी दी। मोनिंदर सिंह पंढेर भी वारदात में शामिल था, लेकिन अपने पक्ष को न्यायालय में तर्कपूर्ण ढंग से रखना महत्वपूर्ण होता है। हाईकोर्ट में अपना पक्ष रखने में कहां कमी रही है। यह पता लगाकर सीबीआई को अपील में मजूबती से अपना पक्ष रखना होगा।

राठौर ने बताया कि वह आईजी पद से सेवानिवृत हो चुके हैं, लेकिन निठारी केस के खुलासे की यादें आज भी ताजा हैं। इस खुलासे के लिए उनकी टीम ने काफी मेहनत की। पड़ोस में रहने वाले एक वकील के बच्चे की भी आरोपियों ने हत्या की। तब भी पीड़ित परिवार को इसकी भनक नहीं लगी। ऐसे में चश्मदीद मिलना मुश्किल था।
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कोली ने बताया था कि पंढेर कभी-कभी कोठी में आता था। पंढेर को अनैतिक कार्य में लिप्त देखने के बाद उसके भीतर भी इच्छा जागृत होने लगी और वह इसी के लिए वारदात करने लगा। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। इस केस के खुलासे के बाद उन्होंने महिला पुलिसकर्मियों से प्रशिक्षण दिलाया था। इसके अलावा भिक्षा मंगवाने वाले गिरोह और गोद लेने वाले गिरोह पर काम किया था, लेकिन उस समय अंग व्यापार के संबंध में कोई बात सामने नहीं आई थी। इस घटना के पीड़ित का उनसे काफी जुड़ाव रहा था। वे अपने हर सुख-दुख की खबर उन्हें देने लगे थे। एक बार एक पीड़ित परिवार बरेली में तैनाती के दौरान उनसे मिलने में भी आया था, हालांकि जांच सीबीआई को दे दी गई थी। सीबीआई ने भी इस मामले की जांच में काफी मेहनत की। लेकिन हाईकोर्ट का फैसला आने के बाद उन्हें अच्छा नहीं लगा।
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