फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   Megha tyagi made dhaga culture bring all weavers under one roof read her story

मिसाल: धागा कल्चर बना बुनकरों की कला को एक धागे में पिरो रहीं मेघा त्यागी

Sat, 07 Aug 2021 09:06 AM IST
पूजा त्रिपाठी अमर उजाला नेटवर्क, नोएडा
अमर उजाला नेटवर्क, नोएडा Published by: पूजा त्रिपाठी Updated Sat, 07 Aug 2021 09:06 AM IST
सार

धागा कल्चर की फाउंडर मेघा त्यागी का कहना है कि दरअसल ये नाम देश के होनहार बुनकरों को एक मंच पर लाना है।

विज्ञापन
Megha tyagi made dhaga culture bring all weavers under one roof read her story
मेघा त्यागी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

देश में रोज नए स्टार्टअप खुल रहे हैं। जिसको शुरू करने वाले ज्यादातर युवा हैं। इन युवाओं की सोच दूसरों से अलग है। कुछ की सोच बड़ी कंपनी बना कर जीवन में कुछ बड़ा कर जाने का है तो वहीं कुछ का उद्देश्य अलग-अलग क्षेत्र में देश को नयी बुलंदी पर ले जाना है।

विज्ञापन


इसी का परिणाम है कि नोएडा सेक्टर-119 की रहने वाली मेघा त्यागी ने देश के बुनकरों की हस्तकला से प्रभावित होकर कुछ अलग करने की सोची और इस सोच को मूर्त रूप देने के लिए धागा कल्चर नाम से बुनकरों को जोड़ने के लिए एक ऐसा प्लेटफार्म तैयार किया है, जिसमें छोटे बुनकरों को बड़ी राहत मिलेगी।
विज्ञापन


धागा कल्चर की फाउंडर मेघा त्यागी का कहना है कि दरअसल ये नाम देश के होनहार बुनकरों को एक मंच पर लाना है। साथ ही उनके द्वारा सालों से चले आ रहे हस्तकला के हुनर को देश-विदेश के लोगों तक पहुंचाना है। इस कार्य में लगे बुनकरों की आर्थिक स्थिति को मजबूत करना भी है।
विज्ञापन
विज्ञापन


मेघा ने बताया कि मौजूदा दौर में जहां युवा नए फैशन आजमाने में आगे रहता है तो वहीं हमारे बुनकर नए ट्रेंड की जानकारी ना होने की वजह से लेटेस्ट फैशन डिजाइन अपनी हस्तनिर्मित साड़ियों पर नहीं उकेर पाते। जिससे कहीं ना कहीं युवा इस बेहतरीन कारीगरी से दूर हो गया है।

मेघा ने बताया कि, इसीलिए हमने देश के विभिन्न राज्यों के बुनकरों के गांव जा-जाकर उन सबको एक साथ जोड़ने की कोशिश की हैऔर अभी भी ये प्रकिया का हिस्सा है। जिससे हम हस्तकारों को लेटेस्ट डिजाइन उपलब्ध करवा कर उनकी क्षमता और कला को यूथ तक उनके पसंद के मनमुताबिक पहुंचा सकें।


अभी कम्पनी के साथ कोलकाता, छत्तीसगढ़, तेलंगाना, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और बिहार के सत्तर बुनकर जुड़ चुके हैं, जिन्हें दस लाख तक ऑर्डर भी दिया जा चुका है, जो जल्दी ही बाजार में आएंगे। इसके अलावा कंपनी हाथ से निर्मित अन्य सामान बनाने में निपुण लोगों को भी साथ लेकर उनके भी सामान को राष्ट्रीय के साथ अंतराष्ट्रीय मंच भी उपलब्ध करवाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed