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16 साल में वैध नहीं हो सकीं दजर्नों कॉलोनियां

Sun, 27 Dec 2020 12:06 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sun, 27 Dec 2020 12:06 AM IST
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many colonies not get authorised in 16 years
नूंह शहर की एक अवैध कॉलोनी में जर्जर मार्ग। - फोटो : Mewat
16 साल में वैध नहीं हो सकीं दर्जनों कॉलोनियां
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नूंह। जिले की अवैध कॉलोनियों को नियमित करने की योजना लंबे समय बाद भी पूरी नहीं हो पाई है। 2004 में तत्कालीन सरकार की घोषणा के बाद भी इस दिशा में कोई कदम नहीं उठाया गया। इस कारण कॉलोनियों में रहने वाले लोगों को बिजली, पानी जैसी जरूरी सुविधाओं की कमी झेलनी पड़ रही है।
शहरी स्थानीय निकाय विभाग ने नूंह जिले की दर्जनों कॉलोनियों को वैध करने का निर्णय लिया था। सरकार के इस फैसले से लोगों को भी होम लोन सहित मूलभूत सुविधाएं मिलने की उम्मीद जगी थी। जिले की सभी नगर पंचायतों के अध्यक्षों ने इस फैसले के लिए सरकार का आभार प्रकट किया तो वहीं आमजन ने भी फैसले का स्वागत किया। लेकिन, काफी समय बीत जाने के बाद भी यह योजना धरातल पर नहीं उतरी हैं। कहां कितनी हैं अवैध कॉलोनियां
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नूंह नगर पालिका के वार्ड तीन में फ्रेंड्स वन कॉलोनी, गहबर रोड कॉलोनी वार्ड 4 और चूहीमल कॉलोनी वार्ड 12, फिरोजपुर झिरका में बीवा रोड सहित 17 अवैध कॉलोनियां, पुन्हाना में 12 और तावडू में आधा दर्जन कॉलोनियां अवैध हैं।
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आरडब्ल्यूए का भी गठन नहीं
इन कॉलोनियों में रेजीडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) का गठन भी किया जाना है। नियमित कराने से पहले एसोसिएशन को 50 फीसदी डेवलपमेंट चार्ज भरवाने का प्रावधान है। इसके लिए एस्क्रो नाम से नगर पालिका प्रशासन के साथ एक संयुक्त खाता होना चाहिए। डेवलपमेंट चार्ज के रुपये भी उसी कॉलोनी में लोगों को जरूरी सुविधाएं मुहैया कराने पर खर्च होेंगे।
पानी और कच्चे रास्ते की समस्या
सरकार और प्रशासन की ओर से विकास नहीं कराने की वजह से अवैध कॉलोनियों में कई तरह की समस्याएं होती हैं। इनमें बिजली के पोल तो कहीं तार नहीं होते हैं। पानी और कच्चे रास्ते की समस्या तो अधिकतर कॉलोनियों में होती है। स्थानीय लोग होम लोन और अन्य किसी योजना का लाभ नहीं उठा सकते। वहीं, इस बारे में उपायुक्त धीरेंद्र खड़गटा ने कहा कि यह समस्या उनके संज्ञान में अभी आई है। इस बारे में जानकारी लेकर उचित कार्रवाई की जाएगी।
वर्जन-
नूंह में पांच कॉलोनियों को वैध कराया गया है। इनमें फ्रेंड्स कॉलोनी-2, हिदायत, एकता, सद्दीक नगर और फ्रीडम कॉलोनी शामिल हैं। लेकिन, अभी भी जिला मुख्यालय पर कई अवैध कॉलोनियों में लोग रह रहे हैं। इस कारण उन्हें काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। - सीमा सिंगला, चेयरपर्सन, नूंह नगर पालिका
अवैध कॉलोनियों के लोगों के हितों को ध्यान में रखकर सरकार को कदम उठाने की जरूरत है। अगर कॉलोनियों को वैध कर दिया जाए तो यह सरकार का बड़ा कदम होगा। - एडवोकेट ताहिर हुसैन, रूपाड़िया
इन कॉलोनियों में सैकड़ों लोग जरूरी सुविधाओं के लिए जूझ रहे हैं। अगर सरकार और प्रशासन इनकी ओर ध्यान दे तो निश्चित ही लोगों को योजनाओं का लाभ मिलेगा। लेकिन, भाजपा सरकार लोगों के हित में कोई कदम नहीं उठा रही है। - आफताब अहमद, विधायक नूंह
सरकार अवैध कॉलोनियों के लोगों की भलाई को ध्यान में रखकर कार्य कर रही है। नूूंह में कई कॉलोनियों को नियमित किया गया है। इस मांग को भी मुख्यमंत्री के समक्ष रखा जाएगा। - जाकिर हुसैन, पूर्व विधायक एवं वरिष्ठ भाजपा नेता

अवैध कॉलोनियों को वैध कराने का प्रस्ताव उपमुख्यमंत्री के समक्ष रखा जाएगा। कॉलोनियों को नियमित कराने के पूरे प्रयास किए जाएंगे। - तैय्यब हुसैन घासेड़िया, जजपा जिलाध्यक्ष नूंह
फोटो : नूंह की अवैध कॉलोनी में बदहाल मार्ग।
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