फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   Kejriwal government attacked breathing, education: Ajay Maken

केजरीवाल सरकार ने सांसों पर घात, शिक्षा पर आघात किया : अजय माकन

Sun, 02 Feb 2025 07:29 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sun, 02 Feb 2025 07:29 PM IST
विज्ञापन
Kejriwal government attacked breathing, education: Ajay Maken
कहा- दिल्ली के प्रदूषण, शिक्षा और परिवहन व्यवस्था के लिए कोई काम नहीं किया
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। कांग्रेस नेता अजय माकन ने आप संयोजक अरविंद केजरीवाल को घेरते हुए कहा कि उन्होंने सांसों पर घात, शिक्षा पर आघात कर के दिल्ली को पूरी तरह से बर्बाद कर दिया है। केजरीवाल सरकार ने दिल्ली के प्रदूषण, शिक्षा और परिवहन व्यवस्था के लिए कोई काम नहीं किया।

प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में रविवार को संवाददाता सम्मेलन में माकन ने आरोप लगाया कि केजरीवाल ने शिक्षा क्षेत्र में धोखा दिया है। वर्ष 2008-09 में कांग्रेस शासन में सरकारी स्कूलों में 12वीं में पास होने वाले बच्चों की संख्या 74,974 थी जो 2013-14 में बढ़कर 1,47,420 हो गई थी। वर्ष 2019-2020 में आप के शासन में कोविड से पहले 12वीं पास होने वाले छात्रों की संख्या घटकर 1,09,098 रह गई और वर्ष 2023-24 में 12वीं पास करने वाले छात्रों की संख्या 1,46,885 रही, जबकि 11 वर्षों में दिल्ली की जनसंख्या लगातार बढ़ रही है। इसी तरह 12वीं की परीक्षा में बैठने वालों का अनुपात देखा जाए तो कांग्रेस के शासन के आखिर वर्ष 2013-14 में 166257 छात्रों ने परीक्षा दी थी। वहीं, आप के शासन में वर्ष 2019-20 में यह संख्या 1,11,413 रह गई और वर्ष 2023-24 में 151429 रही। सरकारी स्कूल छोड़कर बच्चे निजी स्कूलों में जा रहे है। कांग्रेस शासन के दौरान वर्ष 2013-14 में सरकारी स्कूलों में 17.40 लाख व निजी स्कूलों में 13.57 लाख बच्चे थे, लेकिन जबकि केजरीवाल सरकार के दौरान वर्ष 2018-19 में सरकारी स्कूलों में छात्र 16.47 लाख रह गए और निजी स्कूलों में छात्रों की संख्या 16.61 लाख तक पहुंच गई। इधर, डीटीसी बसों में यात्रा करने वालों की संख्या में भारी गिरावट आई है। वर्ष 2012-13 में 47.77 लाख लोग बसों में सफर करते थे, जो वर्ष 2024 में घटकर केवल 24.43 लाख रह गए। वर्ष 2014 में 1440 पुरानी बसें सड़कों पर थीं, जो अब वर्ष 2024 में बढ़कर 2866 हो गई हैं, जिससे प्रदूषण बढ़ रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed