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Noida News: ग्रेनो वेस्ट मेट्रो का काम शुरू होने में लगेंगे छह महीने
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फोटो
ग्रेनो वेस्ट मेट्रो का काम शुरू होने में लगेंगे छह महीने
- केंद्रीय मंत्रालय ने डीएमआरसी से मेट्रो के नए रूट पर विचार करने को कहा
- सेक्टर-51 और 52 के निर्माणाधीन एफओबी से नहीं बन पा रही बात
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। एक्वा लाइन विस्तार के तहत ब्लू लाइन से कॉमन प्लेटफॉर्म के जरिये एक्वा लाइन के कॉरिडोर को जोड़ा जाएगा। इसके लिए केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय ने दिल्ली मेट्रो (डीएमआरसी) से नए रूट पर विचार करने को कहा है। नए रूट के अध्ययन के लिए दिल्ली मेट्रो को एक माह का समय दिया गया है। अगर नए रूट पर विचार करने के बाद एकराय बनती है तो ऐसे में ग्रेनो वेस्ट मेट्रो का काम शुरू होने में करीब छह माह लगेंगे।
हालांकि इससे पहले कॉमन प्लेटफॉर्म के बदले एफओबी से जोड़ते हुए ग्रेनो वेस्ट मेट्रो की डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) मंजूर करने की अपील नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (एनएमआरसी) ने केंद्रीय मंत्रालय से की थी। लेकिन इस अपील को केंद्रीय मंत्रालय मंजूर नहीं कर रहा है। इस वजह से ग्रेनो वेस्ट मेट्रो की डीपीआर मंजूरी से पहले ही अटक गई है।
एनएमआरसी के अधिकारियों का कहना है कि नए विकल्प के तौर पर एक्वा लाइन को सेक्टर-51 से आगे बढ़ाते हुए ब्लू लाइन के सेक्टर-61 मेट्रो स्टेशन तक ले जाने की संभावना पर विचार किया जाएगा। इसके बाद वहां जोड़ते हुए इसे फिर दायीं ओर मोड़ा जाएगा और सेक्टर-123 से जोड़ा जा सकता है। हालांकि यह विकल्प आसान नहीं है क्योंकि इस रूट के लिए एनएमआरसी को जमीन तलाशनी होगी। इससे मेट्रो पिलर रिहाइशी इलाके में आने की संभावना है।
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समय उतना ही लगेगा
अधिकारियों का कहना है कि अगर यह रूट फाइनल भी हो जाता है तो उनको उतना ही समय लगेगा, जितना स्काईवॉक से सेक्टर-51 से 52 जाने में लगेगा। नए रूट के आधार पर सेक्टर-51 से विस्तार करते हुए सेक्टर-61 जाना होगा। इसके बाद वहां से दिल्ली जाने के क्रम में वापस सेक्टर-52 आना होगा। हालांकि एक फायदा यह होगा कि यात्रियों को प्लेटफॉर्म से नीचे नहीं उतरना होगा।
अभी स्काईवॉक से जोड़ने की चल रही कवायद
एक्वा लाइन के सेक्टर-51 और ब्लू लाइन के सेक्टर-52 मेट्रो स्टेशन को जोड़ने के लिए स्काईवॉक तैयार किया जा रहा है। स्काईवॉक बनने से नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड (एनएमआरसी) और दिल्ली मेट्रो (डीएमआरसी) के दोनों स्टेशनों से रोजाना यात्रा करने वाले हजारों यात्रियों को सुविधा मिलेगी। इसका काम बीते चार माह से चल रहा है। 31 मार्च तक का पूरा करने की डेडलाइन तय की गई है। वर्तमान समय तक इसका 50 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। नोएडा सेक्टर-51 मेट्रो स्टेशन से ग्रेटर नोएडा तक बने एक्वा लाइन कॉरिडोर और पास से गुजरने वाले ब्लू लाइन कॉरिडोर के बीच करीब 420 मीटर की दूरी है।
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ग्रेनो वेस्ट मेट्रो का काम शुरू होने में लगेंगे छह महीने
- केंद्रीय मंत्रालय ने डीएमआरसी से मेट्रो के नए रूट पर विचार करने को कहा
- सेक्टर-51 और 52 के निर्माणाधीन एफओबी से नहीं बन पा रही बात
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। एक्वा लाइन विस्तार के तहत ब्लू लाइन से कॉमन प्लेटफॉर्म के जरिये एक्वा लाइन के कॉरिडोर को जोड़ा जाएगा। इसके लिए केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय ने दिल्ली मेट्रो (डीएमआरसी) से नए रूट पर विचार करने को कहा है। नए रूट के अध्ययन के लिए दिल्ली मेट्रो को एक माह का समय दिया गया है। अगर नए रूट पर विचार करने के बाद एकराय बनती है तो ऐसे में ग्रेनो वेस्ट मेट्रो का काम शुरू होने में करीब छह माह लगेंगे।
हालांकि इससे पहले कॉमन प्लेटफॉर्म के बदले एफओबी से जोड़ते हुए ग्रेनो वेस्ट मेट्रो की डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) मंजूर करने की अपील नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (एनएमआरसी) ने केंद्रीय मंत्रालय से की थी। लेकिन इस अपील को केंद्रीय मंत्रालय मंजूर नहीं कर रहा है। इस वजह से ग्रेनो वेस्ट मेट्रो की डीपीआर मंजूरी से पहले ही अटक गई है।
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एनएमआरसी के अधिकारियों का कहना है कि नए विकल्प के तौर पर एक्वा लाइन को सेक्टर-51 से आगे बढ़ाते हुए ब्लू लाइन के सेक्टर-61 मेट्रो स्टेशन तक ले जाने की संभावना पर विचार किया जाएगा। इसके बाद वहां जोड़ते हुए इसे फिर दायीं ओर मोड़ा जाएगा और सेक्टर-123 से जोड़ा जा सकता है। हालांकि यह विकल्प आसान नहीं है क्योंकि इस रूट के लिए एनएमआरसी को जमीन तलाशनी होगी। इससे मेट्रो पिलर रिहाइशी इलाके में आने की संभावना है।
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समय उतना ही लगेगा
अधिकारियों का कहना है कि अगर यह रूट फाइनल भी हो जाता है तो उनको उतना ही समय लगेगा, जितना स्काईवॉक से सेक्टर-51 से 52 जाने में लगेगा। नए रूट के आधार पर सेक्टर-51 से विस्तार करते हुए सेक्टर-61 जाना होगा। इसके बाद वहां से दिल्ली जाने के क्रम में वापस सेक्टर-52 आना होगा। हालांकि एक फायदा यह होगा कि यात्रियों को प्लेटफॉर्म से नीचे नहीं उतरना होगा।
अभी स्काईवॉक से जोड़ने की चल रही कवायद
एक्वा लाइन के सेक्टर-51 और ब्लू लाइन के सेक्टर-52 मेट्रो स्टेशन को जोड़ने के लिए स्काईवॉक तैयार किया जा रहा है। स्काईवॉक बनने से नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड (एनएमआरसी) और दिल्ली मेट्रो (डीएमआरसी) के दोनों स्टेशनों से रोजाना यात्रा करने वाले हजारों यात्रियों को सुविधा मिलेगी। इसका काम बीते चार माह से चल रहा है। 31 मार्च तक का पूरा करने की डेडलाइन तय की गई है। वर्तमान समय तक इसका 50 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। नोएडा सेक्टर-51 मेट्रो स्टेशन से ग्रेटर नोएडा तक बने एक्वा लाइन कॉरिडोर और पास से गुजरने वाले ब्लू लाइन कॉरिडोर के बीच करीब 420 मीटर की दूरी है।