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कृषि कानूनों के विरोध में 27 को यमुना एक्सप्रेसवे बंद करेंगे किसान
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जेवर। नए कृषि कानूनों के विरोध में भारतीय किसान यूनियन ने संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर शनिवार को जेवर टोल पर बैठक की। इसमें 27 सितंबर को भारत बंद को सफल बनाने के लिए रणनीति तैयार की गई। इस दौरान यमुना एक्सप्रेसवे को भी बंद रखने पर सर्वसहमति से फैसला किया गया।
बैठक की अध्यक्षता जीवन सिंह कनारसी व संचालन बॉबी नागर ने किया। बैठक में पहुंचे राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी धर्मेंद्र मलिक ने कहा कि आंदोलित किसान सर्दी, गर्मी व बरसात के बीच 10 महीने से सड़क पर बैठे हैं, लेकिन सरकार गहरी नींद में सोयी है। अब सरकार को जगाने का समय आ चुका है। यूनियन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष महेंद्र चरौली ने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर भारत बंद का ऐलान किया गया है।
इसे सफल बनाने के लिए यमुना एक्सप्रेसवे को सुबह 6 बजे से शाम 4 बजे तक बंद रखा जाएगा। बैठक में दया प्रधान, मनोज मावी, नरेंद्र नागर, पंकज शर्मा,राकेश चौधरी, केशव शर्मा, पवन, ओपी कमांडो, वीरपाल, कुलदीप शर्मा, पंडित विशाल हतेवा, विजेंदर सिंह, दिनेश शर्मा, प्रवीण मलिक, भोला शंकर आदि किसान मौजूद रहे।
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बैठक की अध्यक्षता जीवन सिंह कनारसी व संचालन बॉबी नागर ने किया। बैठक में पहुंचे राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी धर्मेंद्र मलिक ने कहा कि आंदोलित किसान सर्दी, गर्मी व बरसात के बीच 10 महीने से सड़क पर बैठे हैं, लेकिन सरकार गहरी नींद में सोयी है। अब सरकार को जगाने का समय आ चुका है। यूनियन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष महेंद्र चरौली ने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर भारत बंद का ऐलान किया गया है।
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इसे सफल बनाने के लिए यमुना एक्सप्रेसवे को सुबह 6 बजे से शाम 4 बजे तक बंद रखा जाएगा। बैठक में दया प्रधान, मनोज मावी, नरेंद्र नागर, पंकज शर्मा,राकेश चौधरी, केशव शर्मा, पवन, ओपी कमांडो, वीरपाल, कुलदीप शर्मा, पंडित विशाल हतेवा, विजेंदर सिंह, दिनेश शर्मा, प्रवीण मलिक, भोला शंकर आदि किसान मौजूद रहे।
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