{"_id":"68f2ade85592e28eeb0e78f9","slug":"fake-appointment-letter-issued-for-vidhansabha-secretariat-na-news-c-5-1-drn1008-814570-2025-10-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: विधानसभा सचिवालय के लिए फर्जी नियुक्ति पत्र हुआ जारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: विधानसभा सचिवालय के लिए फर्जी नियुक्ति पत्र हुआ जारी
विज्ञापन
विज्ञापन
नियुक्ति पत्र जारी करने वाले उप सचिव का नाम भी फर्जी
देहरादून। विधानसभा सचिवालय में नौकरी लगाने के नाम पर फर्जी नियुक्तिपत्र जारी करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। नियुक्तिपत्र एक महिला के लिए जारी किया गया। आशंका है कि इसके कोई संगठित गिरोह कार्यरत है जो सरकारी नौकरी के नाम पर लोगों से ठगी कर रहा है। इस संबंध में जल्द नियुक्तिपत्र लेने वाली महिला से भी पूछताछ की जाएगी।
इस संबंध में सचिवालय के अनु सचिव की शिकायत पर नेहरू कॉलोनी पुलिस ने बृहस्पतिवार को मुकदमा दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। थानाध्यक्ष संजीत कुमार ने बताया कि विधानसभा सचिवालय की ओर से अनु सचिव हरीश कुमार ने तहरीर दी है। उन्होंने बताया है कि बीती छह अगस्त को सौडा सरोली निवासी निधि उनियाल को लिपिक के स्थायी पद पर जाली नियुक्तिपत्र दिया गया। उन्होंने बताया कि यह आदेश अमित सिंह नामक उप सचिव के नाम से जारी किया गया है। इस नाम का कोई भी व्यक्ति उप सचिव पद पर कार्यरत नहीं है। तथ्यों के आधार पर जालसाजी व अन्य दफा में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
देहरादून। विधानसभा सचिवालय में नौकरी लगाने के नाम पर फर्जी नियुक्तिपत्र जारी करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। नियुक्तिपत्र एक महिला के लिए जारी किया गया। आशंका है कि इसके कोई संगठित गिरोह कार्यरत है जो सरकारी नौकरी के नाम पर लोगों से ठगी कर रहा है। इस संबंध में जल्द नियुक्तिपत्र लेने वाली महिला से भी पूछताछ की जाएगी।
इस संबंध में सचिवालय के अनु सचिव की शिकायत पर नेहरू कॉलोनी पुलिस ने बृहस्पतिवार को मुकदमा दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। थानाध्यक्ष संजीत कुमार ने बताया कि विधानसभा सचिवालय की ओर से अनु सचिव हरीश कुमार ने तहरीर दी है। उन्होंने बताया है कि बीती छह अगस्त को सौडा सरोली निवासी निधि उनियाल को लिपिक के स्थायी पद पर जाली नियुक्तिपत्र दिया गया। उन्होंने बताया कि यह आदेश अमित सिंह नामक उप सचिव के नाम से जारी किया गया है। इस नाम का कोई भी व्यक्ति उप सचिव पद पर कार्यरत नहीं है। तथ्यों के आधार पर जालसाजी व अन्य दफा में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
विज्ञापन