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Noida News: रजिस्ट्री नहीं होने पर हाईकोर्ट पहुंचे इको विलेज वन के निवासी
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रजिस्ट्री नहीं होने पर हाईकोर्ट पहुंचे इको विलेज वन के निवासी
-निवासियों का आरोप है कि पिछले 8 साल से रजिस्ट्री होने का इंतजार नहीं हो रहा खत्म
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। ग्रेनो वेस्ट की सुपरटेक इको विलेज-1 सोसाइटी के निवासियों ने मालिकाना हक को लेकर हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। जिसके बाद निवासियों को उम्मीद है कि जल्द ही 8 साल का इंतजार खत्म होगा। उनको अपने फ्लैट पर मालिकाना हक मिलेगा। आरोप है कि किसी भी स्तर से मदद नहीं मिलने पर हाईकोर्ट की शरण ली है।
निवासियों ने बताया कि बिल्डर ने मार्च 2015 से फ्लैटों का कब्जा देना शुरू किया था। कुछ फ्लैटों की रजिस्ट्री भी हुई थी, लेकिन वर्ष 2018 से बिना किसी स्पष्ट सूचना के रजिस्ट्री की प्रक्रिया रोक दी गई। इस समय करीब 7000 फ्लैटों पर निवासियों को कब्जा दिया जा चुका है, लेकिन सभी पिछले 8 साल से रजिस्ट्री होने का इंतजार कर रहे हैं। बिल्डर खरीदारों से पूरा पैसा भी वसूल चुका है। जबकि फ्लैटों में काफी खामियां थी। अब निवासी अपने पैसों से उनको पूरा करा रहे हैं। सुपरटेक कंपनी पर आईआरपी भी तैनात है। उनसे लेकर प्राधिकरण व जनप्रतिनिधियों तक चक्कर लगाए, लेकिन कुछ नहीं हुआ। ऐसे में अब हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। निवासियों को उम्मीद है कि न्यायालय के हस्तक्षेप से करीब रजिस्ट्री का रास्ता जल्द साफ होगा।
जिंदगी भर की जमा पूंजी लगाकर घर खरीदा था, लेकिन पिछले 8 साल से सिर्फ आश्वासन मिल रहे हैं। रजिस्ट्री नहीं हुई है। अब उम्मीद है कि हाईकोर्ट से जरूर न्याय मिलेगा। -राजकुमार पांडे, निवासी इकोविलेज-1
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करीब 7000 परिवार यहां रह रहे हैं, लेकिन हजारों लोगों के पास आज भी अपने घर का मालिकाना हक नहीं है। सभी लगातार संघर्ष कर रहे हैं और अब मामला न्यायालय में है। -संजय शर्मा, निवासी इको विलेज वन
निवासी हर माह ईएमआई जमा कर रहे है। मेंटेनेंस का भार अलग से है। अपने घर में भी रह रहे हैं, लेकिन अब तक मालिकाना हक नहीं मिला है। इससे कागजी कार्रवाई में भी दिक्कत होती है। -आशीष बिजपुरिया, निवासी इको विलेज-1
फ्लैट खरीदारों की कोई गलती नहीं है। उन्होंने समय पर भुगतान किया और सभी प्रक्रियाएं पूरी कीं है, लेकिन अब उम्मीद है कि कोर्ट के हस्तक्षेप से जल्द समाधान निकलेगा। -कमल कुलश्रेष्ठ, निवासी इको विलेज-1
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-निवासियों का आरोप है कि पिछले 8 साल से रजिस्ट्री होने का इंतजार नहीं हो रहा खत्म
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। ग्रेनो वेस्ट की सुपरटेक इको विलेज-1 सोसाइटी के निवासियों ने मालिकाना हक को लेकर हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। जिसके बाद निवासियों को उम्मीद है कि जल्द ही 8 साल का इंतजार खत्म होगा। उनको अपने फ्लैट पर मालिकाना हक मिलेगा। आरोप है कि किसी भी स्तर से मदद नहीं मिलने पर हाईकोर्ट की शरण ली है।
निवासियों ने बताया कि बिल्डर ने मार्च 2015 से फ्लैटों का कब्जा देना शुरू किया था। कुछ फ्लैटों की रजिस्ट्री भी हुई थी, लेकिन वर्ष 2018 से बिना किसी स्पष्ट सूचना के रजिस्ट्री की प्रक्रिया रोक दी गई। इस समय करीब 7000 फ्लैटों पर निवासियों को कब्जा दिया जा चुका है, लेकिन सभी पिछले 8 साल से रजिस्ट्री होने का इंतजार कर रहे हैं। बिल्डर खरीदारों से पूरा पैसा भी वसूल चुका है। जबकि फ्लैटों में काफी खामियां थी। अब निवासी अपने पैसों से उनको पूरा करा रहे हैं। सुपरटेक कंपनी पर आईआरपी भी तैनात है। उनसे लेकर प्राधिकरण व जनप्रतिनिधियों तक चक्कर लगाए, लेकिन कुछ नहीं हुआ। ऐसे में अब हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। निवासियों को उम्मीद है कि न्यायालय के हस्तक्षेप से करीब रजिस्ट्री का रास्ता जल्द साफ होगा।
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जिंदगी भर की जमा पूंजी लगाकर घर खरीदा था, लेकिन पिछले 8 साल से सिर्फ आश्वासन मिल रहे हैं। रजिस्ट्री नहीं हुई है। अब उम्मीद है कि हाईकोर्ट से जरूर न्याय मिलेगा। -राजकुमार पांडे, निवासी इकोविलेज-1
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करीब 7000 परिवार यहां रह रहे हैं, लेकिन हजारों लोगों के पास आज भी अपने घर का मालिकाना हक नहीं है। सभी लगातार संघर्ष कर रहे हैं और अब मामला न्यायालय में है। -संजय शर्मा, निवासी इको विलेज वन
निवासी हर माह ईएमआई जमा कर रहे है। मेंटेनेंस का भार अलग से है। अपने घर में भी रह रहे हैं, लेकिन अब तक मालिकाना हक नहीं मिला है। इससे कागजी कार्रवाई में भी दिक्कत होती है। -आशीष बिजपुरिया, निवासी इको विलेज-1
फ्लैट खरीदारों की कोई गलती नहीं है। उन्होंने समय पर भुगतान किया और सभी प्रक्रियाएं पूरी कीं है, लेकिन अब उम्मीद है कि कोर्ट के हस्तक्षेप से जल्द समाधान निकलेगा। -कमल कुलश्रेष्ठ, निवासी इको विलेज-1