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Noida News: कॉलेज में चहारदीवारी नहीं, कूड़े और शराब की बोतलों से छात्र परेशान
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नवजीवन इंटर कॉलेज की दीवार।
फोटो
-चहारदीवारी के इंतजार में नवजीवन इंटर कॉलेज, सुरक्षा और सफाई पर सवाल
ज्योति कार्की
नोएडा। सेक्टर-110 स्थित नवजीवन इंटर कॉलेज में चहारदीवारी नहीं होने से विद्यार्थियों की सुरक्षा और स्कूल की सफाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है। विद्यालय प्रशासन का कहना है कि स्कूल की चहारदीवारी नहीं होने के कारण आसपास के लोग परिसर और सामने स्थित मैदान में कूड़ा फेंक देते हैं। कई बार मैदान में शराब की खाली बोतलें भी मिलती हैं। स्कूल प्रशासन पिछले करीब 10 वर्षों से चहारदीवारी बनवाने के लिए संबंधित विभागों के चक्कर लगा रहा है। अब मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराई गई है।
विद्यालय में करीब 700 छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं। स्कूल के सामने बड़ा मैदान है, जिसके आसपास मकान और किराए के आवास हैं। चहारदीवारी नहीं होने से आसपास के लोगों की मैदान और स्कूल परिसर तक सीधी पहुंच बनी रहती है। प्रशासन का कहना है कि कुछ लोग घरों का कूड़ा परिसर और मैदान में डाल देते हैं। इससे प्लास्टिक, बोतल और अन्य कचरा जमा रहता है।
रात में बाहरी लोगों की आवाजाहीः विद्यालय प्रशासन के अनुसार, रात के समय भी बाहरी लोगों की आवाजाही परिसर में बनी रहती है। कई बार मैदान में शराब की खाली बोतलें मिली हैं। सुबह स्कूल खुलने के बाद कर्मचारियों को मैदान और आसपास के हिस्से की सफाई करनी पड़ती है। प्रशासन का कहना है कि चहारदीवारी बनने से बाहरी लोगों की आवाजाही और कूड़ा फेंकने की समस्या पर रोक लग सकती है।
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अधिकारियों को कई बार दिए पत्रः हेड क्लर्क सचिन त्यागी ने बताया कि चहारदीवारी निर्माण के लिए कई वर्षों से प्रयास किए जा रहे हैं। प्राधिकरण, जिला प्रशासन, बेसिक शिक्षा अधिकारी और जिला विद्यालय निरीक्षक समेत अन्य अधिकारियों को पत्र और ज्ञापन दिए गए हैं। अधिकारियों को मौके की स्थिति से भी अवगत कराया गया है, लेकिन अभी तक स्थायी समाधान नहीं हुआ है। इसके बाद मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई गई है।
जहरीले जीव-जंतुओं का भी खतराः स्कूल प्रशासन का कहना है कि आसपास गंदगी और खुले क्षेत्र के कारण जहरीले जीव-जंतुओं के आने का खतरा भी बना रहता है। इससे बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता रहती है। गंदगी और बदबू से पढ़ाई का माहौल भी प्रभावित होता है। विद्यालय प्रशासन ने स्कूल परिसर और मैदान की चहारदीवारी जल्द बनवाने की मांग की है।
बारिश में बढ़ जाती है परेशानीः प्रधानाचार्य पुष्पेंद्र सिंह ने कहा कि स्कूल की चहारदीवारी के लिए कई वर्षों से प्रयास किए जा रहे हैं। बारिश के समय समस्या और बढ़ जाती है। स्कूल परिसर में सामान बाहर रखने में भी डर लगता है। चहारदीवारी नहीं होने का बच्चों पर भी असर पड़ सकता है।
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-चहारदीवारी के इंतजार में नवजीवन इंटर कॉलेज, सुरक्षा और सफाई पर सवाल
ज्योति कार्की
नोएडा। सेक्टर-110 स्थित नवजीवन इंटर कॉलेज में चहारदीवारी नहीं होने से विद्यार्थियों की सुरक्षा और स्कूल की सफाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है। विद्यालय प्रशासन का कहना है कि स्कूल की चहारदीवारी नहीं होने के कारण आसपास के लोग परिसर और सामने स्थित मैदान में कूड़ा फेंक देते हैं। कई बार मैदान में शराब की खाली बोतलें भी मिलती हैं। स्कूल प्रशासन पिछले करीब 10 वर्षों से चहारदीवारी बनवाने के लिए संबंधित विभागों के चक्कर लगा रहा है। अब मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराई गई है।
विद्यालय में करीब 700 छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं। स्कूल के सामने बड़ा मैदान है, जिसके आसपास मकान और किराए के आवास हैं। चहारदीवारी नहीं होने से आसपास के लोगों की मैदान और स्कूल परिसर तक सीधी पहुंच बनी रहती है। प्रशासन का कहना है कि कुछ लोग घरों का कूड़ा परिसर और मैदान में डाल देते हैं। इससे प्लास्टिक, बोतल और अन्य कचरा जमा रहता है।
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रात में बाहरी लोगों की आवाजाहीः विद्यालय प्रशासन के अनुसार, रात के समय भी बाहरी लोगों की आवाजाही परिसर में बनी रहती है। कई बार मैदान में शराब की खाली बोतलें मिली हैं। सुबह स्कूल खुलने के बाद कर्मचारियों को मैदान और आसपास के हिस्से की सफाई करनी पड़ती है। प्रशासन का कहना है कि चहारदीवारी बनने से बाहरी लोगों की आवाजाही और कूड़ा फेंकने की समस्या पर रोक लग सकती है।
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अधिकारियों को कई बार दिए पत्रः हेड क्लर्क सचिन त्यागी ने बताया कि चहारदीवारी निर्माण के लिए कई वर्षों से प्रयास किए जा रहे हैं। प्राधिकरण, जिला प्रशासन, बेसिक शिक्षा अधिकारी और जिला विद्यालय निरीक्षक समेत अन्य अधिकारियों को पत्र और ज्ञापन दिए गए हैं। अधिकारियों को मौके की स्थिति से भी अवगत कराया गया है, लेकिन अभी तक स्थायी समाधान नहीं हुआ है। इसके बाद मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई गई है।
जहरीले जीव-जंतुओं का भी खतराः स्कूल प्रशासन का कहना है कि आसपास गंदगी और खुले क्षेत्र के कारण जहरीले जीव-जंतुओं के आने का खतरा भी बना रहता है। इससे बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता रहती है। गंदगी और बदबू से पढ़ाई का माहौल भी प्रभावित होता है। विद्यालय प्रशासन ने स्कूल परिसर और मैदान की चहारदीवारी जल्द बनवाने की मांग की है।
बारिश में बढ़ जाती है परेशानीः प्रधानाचार्य पुष्पेंद्र सिंह ने कहा कि स्कूल की चहारदीवारी के लिए कई वर्षों से प्रयास किए जा रहे हैं। बारिश के समय समस्या और बढ़ जाती है। स्कूल परिसर में सामान बाहर रखने में भी डर लगता है। चहारदीवारी नहीं होने का बच्चों पर भी असर पड़ सकता है।

नवजीवन इंटर कॉलेज की दीवार।