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बाइक बोट फर्जीवाड़ा : दिल्ली हाईकोर्ट ने सशर्त छह खाते संचालित करने का दिया आदेश

Sun, 18 Jul 2021 01:30 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sun, 18 Jul 2021 01:30 AM IST
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Bike boat fraud: Delhi High Court ordered to operate six accounts conditionally
ग्रेटर नोएडा। दिल्ली हाईकोर्ट ने बाइक बोट फर्जीवाड़े में जेल में बंद नोबल को-ऑपरेटिव बैंक के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) वीके शर्मा के दो और नोबल बिल्डटेक एलएलपी कंपनी के चार बैैंक खातों को सशर्त संचालित करने का आदेश दिया है। इनमें चार खाते नोबल कॉपरेटिव बैंक और एक-एक खाता कोटक महिंद्रा व पंजाब नेशनल बैंक का है। इन खातों को प्रवर्तन निदेशालय में बाइक बोट फर्जीवाड़े में नाम आने के बाद फ्रीज किया गया था। इस कारण हाईकोर्ट ने खातों में जमा लगभग 11 लाख से अधिक रकम को केस का निस्तारण होने तक फिक्स डिपोजिट (एफडी) करने को कहा है।
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दिल्ली हाईकोर्ट ने सीईओ वीके शर्मा के अधिवक्ता प्रवीन चतुर्वेदी की ओर से डाली गई याचिका पर सुनवाई की। अधिवक्ता ने अदालत से कहा कि वीके शर्मा के बैंक खाते संचालित नहीं होने से अन्य व्यापारिक गतिविधियां भी रुकी हैं। इससे उनकी कंपनी आदि में काम करने वाले कर्मचारियों को वेतन भी नहीं मिल पा रहा है। याचिका पर सुनवाई कर अदालत ने आदेश दिया कि नोएडा के सेक्टर-22 स्थित नोबल कोऑपरेटिव बैंक के चार खाते, नोएडा सेक्टर-18 स्थित कोटक महिंद्रा बैंक का एक खाता और सेक्टर-48 स्थित पंजाब नेशनल बैंक का एक खाता संचालित किया जाए। कोर्ट ने इन सभी खातों में जमा रकम को केस के निस्तारण होने तक एफडी कराने का भी निर्देश दिया है, यानी इन खातों में जमा रकम को निकाला नहीं जा सकेगा। बता दें कि बाइक बोट फर्जीवाड़े के दौरान आरोपियों ने निवेशकों को झांसा देने के लिए नोबल कोऑपरेटिव बैंक के ही चेक दिए थे, जो में बाउंस हो गए थे।
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प्रशासन पर जबरन मकान तोड़ने का आरोप
नोएडा एयरपोर्ट के लिए अधिगृहीत जमीन से विस्थापन का कार्य तेजी से चल रहा है। शनिवार को प्रशासन ने जेवर के रोही और दयानतपुर खेड़ा गांव में मकानों को हटाया। इस दौरान ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि प्रशासन ने अब तक न तो उन्हें मुआवजा दिया और न ही प्लॉट दिया। इसके बावजूद भी पुलिस और पीएसी के दम पर जबरन मकानों को तोड़ा जा रहा है। इस दौरान घरेलू सामान को भी नुकसान हो रहा है। ग्रामीणों ने प्रदेश सरकार से मामले में संज्ञान लेने की अपील की है।
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