{"_id":"68ebc456986bdb0ce108506e","slug":"aiims-seeks-report-on-status-of-medicines-and-medical-equipment-noida-news-c-340-1-del1011-108355-2025-10-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: एम्स ने दवाओं और चिकित्सीय उपकरणों की स्थिति पर मांगी रिपोर्ट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: एम्स ने दवाओं और चिकित्सीय उपकरणों की स्थिति पर मांगी रिपोर्ट
विज्ञापन
-सलाइन की बोतल में शीशे का टुकड़ा मिलने के मामले का लिया संज्ञान
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। एम्स ने दवाओं और चिकित्सीय उपकरणों की गुणवत्ता को लेकर व्हाट्सअप पर प्रसारित होने वाली शिकायतों पर संज्ञान लिया है। इस संबंध में एम्स चिकित्सा अधीक्षक प्रो. निरुपम मदान ने अस्पताल स्टोर संबंधी मामलों पर सभी विभागों से एक प्रारूप में कार्यालय को ब्यौरा देने के निर्देश दिए है।
इसमें दवा की गुणवत्ता, एक्सपायर, पैकिंग संबंधी दिक्कत और चिकित्सीय उपकरण के संबंध में उपकरण के खराब होने, रिसाव, रुकावट सहित कई दूसरे बिंदुओं को लेकर जानकारी मांगी है। एम्स ने यह कदम मरीज सुरक्षा और गुणवत्ता के मद्देनजर उठाया है। इसमें विभागों को घटनाक्रमों के बारे में भी बताना होगा। जिससे दवा और चिकित्सीय उपकरणों की गुणवत्ता के संबंध में उचित कदम उठाएं जा सकें।
दरअसल, हाल में सलाइन की बोतल में शीशे का टुकड़ा मिलने का मामला सामने आया था। जिसको बकायदा डॉक्टरों ने ग्रुप पर साझा भी किया था। साथ ही आईवी ड्रिप सेट में बाल, डिस्टिल वाटर में मिट्टी जैसी चीज मिलने की शिकायत भी सामने आई थी। इसके अलावा अस्पताल में उपलब्ध वैक्यूम क्यूबिक, डॉक्टरों व नर्सिंग कर्मचारियों द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले ग्लव्स सहित कई चिकित्सा सामानों की गुणवत्ता को लेकर भी शिकायतें हुई हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। एम्स ने दवाओं और चिकित्सीय उपकरणों की गुणवत्ता को लेकर व्हाट्सअप पर प्रसारित होने वाली शिकायतों पर संज्ञान लिया है। इस संबंध में एम्स चिकित्सा अधीक्षक प्रो. निरुपम मदान ने अस्पताल स्टोर संबंधी मामलों पर सभी विभागों से एक प्रारूप में कार्यालय को ब्यौरा देने के निर्देश दिए है।
इसमें दवा की गुणवत्ता, एक्सपायर, पैकिंग संबंधी दिक्कत और चिकित्सीय उपकरण के संबंध में उपकरण के खराब होने, रिसाव, रुकावट सहित कई दूसरे बिंदुओं को लेकर जानकारी मांगी है। एम्स ने यह कदम मरीज सुरक्षा और गुणवत्ता के मद्देनजर उठाया है। इसमें विभागों को घटनाक्रमों के बारे में भी बताना होगा। जिससे दवा और चिकित्सीय उपकरणों की गुणवत्ता के संबंध में उचित कदम उठाएं जा सकें।
विज्ञापन
दरअसल, हाल में सलाइन की बोतल में शीशे का टुकड़ा मिलने का मामला सामने आया था। जिसको बकायदा डॉक्टरों ने ग्रुप पर साझा भी किया था। साथ ही आईवी ड्रिप सेट में बाल, डिस्टिल वाटर में मिट्टी जैसी चीज मिलने की शिकायत भी सामने आई थी। इसके अलावा अस्पताल में उपलब्ध वैक्यूम क्यूबिक, डॉक्टरों व नर्सिंग कर्मचारियों द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले ग्लव्स सहित कई चिकित्सा सामानों की गुणवत्ता को लेकर भी शिकायतें हुई हैं।
विज्ञापन