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Noida News: पराली जलाने पर रोक लगाने में असमर्थ अधिकारियों पर होगी कार्रवाई
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पांच राज्यों को केंद्रीय वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग ने जारी किए निर्देश
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली-एनसीआर से जुड़े राज्यों में पराली जलाने के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। ऐसे में पराली जलाने पर रोक लगाने में असमर्थ अधिकारियों पर कार्रवाई होगी। केंद्रीय वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) ने पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश व दिल्ली के जिलाधिकारियों से कहा है कि वे ऐसे अधिकारियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराएं जो कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।
इन अधिकारियों में पराली प्रबंधन के लिए बनाए नोडल अधिकारी, सुपरवाइजरी अधिकारी, स्टेशन हाउस अधिकारी व अन्य जिम्मेदार अधिकारी शामिल हैं। आयोग ने यह निर्देश पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और दिल्ली के प्रमुख सचिव को भेजा है। आयोग के सदस्य सचिव अरविंद नौटियाल की ओर से इन राज्यों के मुख्य सचिवों को जारी किए गए निर्देशों में पराली जलाने की घटनाएं पूरी तरह से खत्म करने को कहा गया है। निर्देश में कहा है कि जिला प्रशासन और राज्य सरकारों से अपेक्षा की जाती है कि वे पराली जलाने के उन्मूलन के प्रति निरंतर और सख्त निगरानी बनाए रखें। आयोग ने धान की पराली जलाने की घटनाओं की संख्या के कारण उत्पन्न स्थिति को गंभीरता से लिया है।
अब तक 1200 मामले सामने आए
शुक्रवार तक उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और दिल्ली में 1200 जगह पराली जलाई गई। सबसे अधिक पंजाब में पराली जलाने के मामले आए हैं। यहां अब तक 533 जगहों पर पराली जलाई गई है। हरियाणा में 300, यूपी में 250 व राजस्थान में 50 मामले सामने आए हैं।
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अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली-एनसीआर से जुड़े राज्यों में पराली जलाने के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। ऐसे में पराली जलाने पर रोक लगाने में असमर्थ अधिकारियों पर कार्रवाई होगी। केंद्रीय वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) ने पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश व दिल्ली के जिलाधिकारियों से कहा है कि वे ऐसे अधिकारियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराएं जो कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।
इन अधिकारियों में पराली प्रबंधन के लिए बनाए नोडल अधिकारी, सुपरवाइजरी अधिकारी, स्टेशन हाउस अधिकारी व अन्य जिम्मेदार अधिकारी शामिल हैं। आयोग ने यह निर्देश पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और दिल्ली के प्रमुख सचिव को भेजा है। आयोग के सदस्य सचिव अरविंद नौटियाल की ओर से इन राज्यों के मुख्य सचिवों को जारी किए गए निर्देशों में पराली जलाने की घटनाएं पूरी तरह से खत्म करने को कहा गया है। निर्देश में कहा है कि जिला प्रशासन और राज्य सरकारों से अपेक्षा की जाती है कि वे पराली जलाने के उन्मूलन के प्रति निरंतर और सख्त निगरानी बनाए रखें। आयोग ने धान की पराली जलाने की घटनाओं की संख्या के कारण उत्पन्न स्थिति को गंभीरता से लिया है।
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अब तक 1200 मामले सामने आए
शुक्रवार तक उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और दिल्ली में 1200 जगह पराली जलाई गई। सबसे अधिक पंजाब में पराली जलाने के मामले आए हैं। यहां अब तक 533 जगहों पर पराली जलाई गई है। हरियाणा में 300, यूपी में 250 व राजस्थान में 50 मामले सामने आए हैं।
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