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तय स्थानों की अनदेखी, घरों के पास ही धड़ल्ले से जलाए पटाखे
Updated Fri, 09 Nov 2018 04:08 AM IST
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घरों के पास ही देर रात तक धड़ल्ले से जलाए पटाखे
6700 से अधिक स्थान तय होने के बाद भी अनदेखी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिवाली पर पटाखे जलाने के लिए तय स्थानों की सरेआम अनदेखी की गई। एमसीडी अधिकारियों के निर्देशों की सरेआम धज्जियां उड़ाई गईं और इससे बेफिक्र लोगों ने घरों के बाहर जहां जगह मिली, वहां देर रात तक पटाखे जलाए। प्रदूषण के बढ़ते स्तर पर शिकंजा कसने के लिए एमसीडी सहित अन्य विभागों की ओर से किए जा रहे प्रयास भी बेअसर रहे। दिल्ली के तीनों नगर निगम क्षेत्रों में पटाखे जलाने के लिए 6700 से अधिक स्थान निर्धारित किए गए थे, लेकिन यह महज औपचारिकता बनकर रह गए।
दिवाली पर पटाखे जलाने के लिए सैकड़ों जगह तय करने के बाद भी लोगों पर इसका असर नहीं दिखा। लोग देर रात तक अपने घरों के बाहर ही पटाखे जलाते रहे, जबकि तय स्थानों तक कोई पहुंचा ही नहीं।
लोगों ने जहां जगह मिली, वहीं पटाखे जलाने शुरू कर दिए। इस वजह से न केवल प्रदूषण में बढ़ोतरी हुई, बल्कि लोगों ने दो घंटे के लिए तय वक्त की भी अनदेेखी की।
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नियमों की उड़ाई धज्जियां
निगमों की ओर से पटाखे जलाने के लिए तय स्थानों के बारे में रेजीडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) की ओर से जानकारी मुहैया कराई जानी थी, लेकिन इसमें हुई देरी की वजह से लोगों ने तय स्थानों को दरकिनार करते हुए नियमों की धज्जियां उड़ाईं।
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6700 से अधिक स्थान तय होने के बाद भी अनदेखी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिवाली पर पटाखे जलाने के लिए तय स्थानों की सरेआम अनदेखी की गई। एमसीडी अधिकारियों के निर्देशों की सरेआम धज्जियां उड़ाई गईं और इससे बेफिक्र लोगों ने घरों के बाहर जहां जगह मिली, वहां देर रात तक पटाखे जलाए। प्रदूषण के बढ़ते स्तर पर शिकंजा कसने के लिए एमसीडी सहित अन्य विभागों की ओर से किए जा रहे प्रयास भी बेअसर रहे। दिल्ली के तीनों नगर निगम क्षेत्रों में पटाखे जलाने के लिए 6700 से अधिक स्थान निर्धारित किए गए थे, लेकिन यह महज औपचारिकता बनकर रह गए।
दिवाली पर पटाखे जलाने के लिए सैकड़ों जगह तय करने के बाद भी लोगों पर इसका असर नहीं दिखा। लोग देर रात तक अपने घरों के बाहर ही पटाखे जलाते रहे, जबकि तय स्थानों तक कोई पहुंचा ही नहीं।
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लोगों ने जहां जगह मिली, वहीं पटाखे जलाने शुरू कर दिए। इस वजह से न केवल प्रदूषण में बढ़ोतरी हुई, बल्कि लोगों ने दो घंटे के लिए तय वक्त की भी अनदेेखी की।
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नियमों की उड़ाई धज्जियां
निगमों की ओर से पटाखे जलाने के लिए तय स्थानों के बारे में रेजीडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) की ओर से जानकारी मुहैया कराई जानी थी, लेकिन इसमें हुई देरी की वजह से लोगों ने तय स्थानों को दरकिनार करते हुए नियमों की धज्जियां उड़ाईं।