'बेटी का नाम सुनकर रोने लगा 'नरपिशाच' कोली'
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नोएडा के निठारी कांड के मुख्य दोषी सुरेंद्र कोली ने गिरफ्तारी के बाद अपनी बेटी का नाम सिमरन (उस दौरान पांच वर्ष) बताया था। उससे पूछा कि तुमने इतने बच्चों को मारा अगर तुम्हारी बेटी सिमरन के साथ कोई ऐसा करता तो?
यह सुनकर कोली फूट-फूटकर रोने लगा। वह अपनी गलती पर पछता रहा था। यह बात शुक्रवार को केस खोलने वाले तत्कालीन एसएसपी और बरेली रेंज के मौजूदा डीआईजी आरएस राठौर ने बताई।
राठौर ने बताया कि गौतमबुद्ध नगर में पोस्टिंग के पहले ही दिन उन्हें पता चला कि निठारी में बच्चा गायब होने के कारण लोगों ने जाम लगा दिया है। उन्होंने इस क्षेत्र के सेक्टर-20 थाने में निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि आज भी निठारी के लोग उनको फोन करके केस खोलने के लिए धन्यवाद देते हैं।
अगर यह केस समय पर नहीं खुलता तो न जाने कितने और बच्चे इसकी दरिंदगी का शिकार बन जाते। जब बच्चे गायब हो रहे थे तो पुलिस को आशंका थी कि कहीं किसी तांत्रिक तो इस घटना को अंजाम नहीं दे रहा, लेकिन जब केस खुला तो सभी दंग रह गए।
यहां तक कि कोली ने पड़ोस की कोठी में रहने वाले नौकर की बच्ची को भी अपना शिकार बना लिया था और किसी को पता नहीं चला था। उन्होंने बताया कि इस मामले में दो तीन पुलिस-कर्मियों का खामियाजा लोगों और अधिकारियों को भी भुगतना पड़ा। उन्हें संतोष है कि उन्होंने साथी पुलिस कर्मियों के साथ इस मामले को समय रहते खोल दिया।
कोली नहीं, डासना जेल से आया सीलबंद लिफाफा
निठारी कांड के आरोपी सुरेंद्र कोली को शुक्रवार सुबह सीबीआई विशेष कोर्ट में पेश नहीं किया गया, बल्कि डासना जेल से उसके स्थान पर एक सील बंद लिफाफा भेजा गया। मामले की सुनवाई के लिए न्यायाधीश एके गुप्ता ने अब 23 और 26 सितंबर की तारीख नियत की है।
निठारी कांड के दो मामलों में सुनवाई होनी थी। दोनों ही मामलों में सीबीआई ने मोनिंदर सिंह पंधेर और सुरेंद्र कोली को आरोपी बनाया था। शुक्रवार को होने वाली सुनवाई के लिए डासना जेल से अकेले पंधेर को ही पेश किया गया।
जेल प्रशासन द्वारा विशेष कोर्ट को एक सीलबंद लिफाफा भेजा। सूत्रों के अनुसार इसमें पत्र के माध्यम से जेल प्रशासन ने कोर्ट को कोली के मेरठ जेल में शिफ्ट किए जाने की सूचना दी है।
बता दें कि राष्ट्रपति द्वारा सुरेंद्र कोली की दया याचिका खारिज किए जाने के बाद विशेष न्यायाधीश एके गुप्ता ने उसके डेथ वारंट जारी किए थे। कोली को फांसी के लिए मेरठ जेल में इंतजाम किए गए हैं। इसी के चलते बृहस्पतिवार शाम को ही कोली को डासना जेल से मेरठ जेल के लिए शिफ्ट कर दिया गया था।