Nirbhaya Case: राष्ट्रपति ने खारिज की दोषी मुकेश की दया याचिका, अब फांसी पक्की
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निर्भया सामूहिक दुष्कर्म केस में दोषी मुकेश की दया याचिका राष्ट्रपति ने खारिज कर दी है। इसके साथ ही अब दोषी मुकेश के सभी कानूनी विकल्प खत्म हो गए हैं। हालांकि आज पटियाला हाउस कोर्ट में फांसी पर रोक लगाने वाली उसकी याचिका पर सुनवाई है, जिसके बाद ही मुकेश की फांसी पर कुछ कहा जा सकता है।
गौरतलब है कि 7 जनवरी को पटियाला हाउस कोर्ट ने ही दोषियों के खिलाफ डेथ वारंट जारी किया था। इसके अनुसार निर्भया के चारों दोषियों को 22 जनवरी को सुबह सात बजे फांसी होनी है।
स्मृति ईरानी का केजरीवाल सरकार पर पलटवार
निर्भया के दोषियों की फांसी को लेकर हो रही राजनीति में अब केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी कूद पड़ी हैं। उन्होंने पूछा है कि कारागर विभाग जो दिल्ली सरकार के अधीन है तो क्या दिल्ली सरकार जुलाई 2018 में पुनर्विचार याचिका खारिज होने के बाद सो रही थी? आखिर क्यों केजरीवाल सरकार ने निर्भया के जुवेनाइल दोषी को 10 हजार रुपये और सिलाई मशीन दी जब वो रिहा हुआ था? क्या उन्होंने निर्भया की मां के आंख के आंसू नहीं देखे?
बता दें कि मुकेश और विनय ने डेथ वारंट जारी होने के बाद क्यूरेटिव पिटीशन भी दायर की थी, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया था। उसके बाद मुकेश ने हाईकोर्ट में डेथ वारंट पर रोक लगाने वाली याचिका डाली थी, जिसे खारिज करते हुए हाईकोर्ट ने मुकेश को निचली अदालत में जाने की आजादी थी।
उसके बाद मुकेश ने पटियाला हाउस कोर्ट में डेथ वारंट पर रोक लगाने के लिए अर्जी डाली, जिस पर गुरुवार(16 जनवरी) को सुनवाई हुई और कोर्ट ने जेल प्रशासन को फांसी से संबंधित जेल के नियमों की लिखित रिपोर्ट पेश करने को कहा। इस रिपोर्ट को तिहाड़ प्रशासन आज(17 जनवरी) पटियाला हाउस कोर्ट में पेश करेगा। उसके बाद तय होगा कि अदालत फांसी पर रोक लगाती है या उसी तारीख को फांसी होगी।
हमारे अधीन जितना भी काम था समय पर निपटायाः केजरीवाल
हमने इस केस से जुड़े किसी काम में कभी देरी नहीं की। दिल्ली सरकार की इस केस में मुश्किल से ही कोई भूमिका रही। हम चाहते हैं कि दोषियों को जल्द से जल्द फांसी हो।
Delhi CM&AAP leader Arvind Kejriwal on 2012 Delhi gang-rape case: All the work that was under Delhi govt was completed by us within hours. We never delayed any work related to this case. Delhi govt hardly has an any role in it. We want convicts to be hanged at the earliest. pic.twitter.com/0ukXaYR1wV
— ANI (@ANI) January 17, 2020