निर्भया के दोषी विनय शर्मा ने राष्ट्रपति से किया निवेदन, 'मेरी दया याचिका वापस कर दें'
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निर्भया कांड के दोषी विनय शर्मा ने शनिवार को राष्ट्रपति के पास एक याचिका भेजकर उनसे अनुरोध किया है कि गृहमंत्रालय ने उसकी जो दया याचिका उन्हें भेजी है उसे तुरंत वापस कर दें।
विनय शर्मा ने अपनी ताजा याचिका में कहा है कि जो दया याचिका गृहमंत्रालय ने राष्ट्रपति को भेजी है उसमें न तो उसके हस्ताक्षर हैं और न ही उसके द्वारा अधिकृत है, इसलिए राष्ट्रपति उसे वापस कर दें।
Vinay Sharma, one of the convicts in Nirbhaya case moved a plea before President of India seeking immediate withdrawal of his mercy petition as he claims that the mercy plea sent to the President by Union Home Ministry wasn't signed and authorized by him. pic.twitter.com/iRbAa7SWzb
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— ANI (@ANI) December 7, 2019
गृहमंत्रालय ने दया याचिका खारिज करने की भेजी है सिफारिश
गृहमंत्रालय ने राष्ट्रपति से निर्भया कांड के दोषी विनय शर्मा की दया याचिका खारिज करने की सिफारिश की है। मंत्रालय ने शुक्रवार को दया याचिका की फाइल अंतिम निर्णय के लिए राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को भेज दी।
दो दिन पहले दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल ने भी गृहमंत्रालय को रिपोर्ट भेजी थी, जिसमें कहा गया था कि दोषी की सजा किसी भी सूरत में माफ किए जाने योग्य नहीं है। दिल्ली सरकार ने भी विनय की याचिका खारिज कर दी थी।
2012 में दिया था जघन्य वारदात को अंजाम
पैरा मेडिकल छात्रा के दुष्कर्म और हत्या मामले के चार दोषियों में से एक विनय ने फांसी की सजा से माफी की अर्जी दी गई थी। अब याचिका खारिज होने के बाद विनय को फांसी पर चढ़ाने का काम जल्द ही हो सकता है।
2012 में इस घटना की वीभत्सता ने पूरे देश की मनोदशा को हिला कर रख दिया था। लोगों में गुस्से के उबाल को देखते हुए सरकार ने दुष्कर्म मामले में सख्त कानून लाई थी।
निर्भया कांड के क्षमा याचिका का मामला उस वक्त सामने आया है, जब देश एक बार फिर हैदराबाद और उन्नाव दुष्कर्म मामले को लेकर उबाल पर है। इससे पहले, 2017 में सुप्रीम कोर्ट ने भी दोषियों की पुनर्विचार याचिका को खारिज कर दिया था।