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Delhi NCR News: करंट लगने से नवविवाहित युवक की मौत, एंबुलेंस की कथित देरी पर उठे सवाल
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संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह।
जिले के फिरोजपुर झिरका शहर में रविवार को बिजली का काम करते समय करंट लगने से एक नवविवाहित युवक की मौत हो गई। मृतक की पहचान मंदापुर रोड निवासी इरफान उर्फ तौफीक (पुत्र सिराज) के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, इरफान की शादी करीब दो माह पहले ही हुई थी। बताया गया कि इरफान अपने घर में बिजली संबंधी कार्य कर रहे थे, तभी उन्हें तेज करंट लग गया, जिससे वे गंभीर रूप से झुलस गए। परिजनों का आरोप है कि सूचना देने के बावजूद एंबुलेंस करीब 20 मिनट की देरी से मौके पर पहुंची। बाद में उन्हें उपचार के लिए शहीद हसन खान मेवाती मेडिकल कॉलेज, मंडीखेड़ा ले जाया गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद आम आदमी पार्टी के नेता वसीम जाफर ने स्वास्थ्य विभाग और सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि समय पर एंबुलेंस और बेहतर चिकित्सा सुविधा मिलती, तो युवक की जान बच सकती थी। उन्होंने आरोप लगाया कि फिरोजपुर झिरका का सरकारी अस्पताल केवल रेफरल केंद्र बनकर रह गया है और क्षेत्र में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की मांग की। सिटी थाना प्रभारी कुलदीप ने बताया कि मामला संज्ञान में है। यदि कोई शिकायत मिलती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। वहीं, समाचार लिखे जाने तक स्वास्थ्य विभाग की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी।
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नूंह।
जिले के फिरोजपुर झिरका शहर में रविवार को बिजली का काम करते समय करंट लगने से एक नवविवाहित युवक की मौत हो गई। मृतक की पहचान मंदापुर रोड निवासी इरफान उर्फ तौफीक (पुत्र सिराज) के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, इरफान की शादी करीब दो माह पहले ही हुई थी। बताया गया कि इरफान अपने घर में बिजली संबंधी कार्य कर रहे थे, तभी उन्हें तेज करंट लग गया, जिससे वे गंभीर रूप से झुलस गए। परिजनों का आरोप है कि सूचना देने के बावजूद एंबुलेंस करीब 20 मिनट की देरी से मौके पर पहुंची। बाद में उन्हें उपचार के लिए शहीद हसन खान मेवाती मेडिकल कॉलेज, मंडीखेड़ा ले जाया गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद आम आदमी पार्टी के नेता वसीम जाफर ने स्वास्थ्य विभाग और सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि समय पर एंबुलेंस और बेहतर चिकित्सा सुविधा मिलती, तो युवक की जान बच सकती थी। उन्होंने आरोप लगाया कि फिरोजपुर झिरका का सरकारी अस्पताल केवल रेफरल केंद्र बनकर रह गया है और क्षेत्र में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की मांग की। सिटी थाना प्रभारी कुलदीप ने बताया कि मामला संज्ञान में है। यदि कोई शिकायत मिलती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। वहीं, समाचार लिखे जाने तक स्वास्थ्य विभाग की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी।
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