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खुलासाः दिल्ली की मस्जिदों में भी मिले 40 से अधिक विदेशी, तलाश शुरू
Wed, 01 Apr 2020 06:43 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Wed, 01 Apr 2020 06:43 AM IST
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- फोटो : PTI
मरकज का मामला सामने आने के बाद पुलिस ने दिल्ली की अलग-अलग मस्जिदों में तलाश की तो वहां 40 विदेशी मिले। पुलिस ने मंगोलपुरी, अमन विहार, भारत नगर, संगम पार्क, जहांगीरपुरी ई-ब्लॉक स्थित मस्जिदों से इन लोगों को पकड़ा। ये सभी लोग इंडोनेशिया, मलयेशिया, कजाकिस्तान आदि देशों के रहने वाले हैं। इन्हें अलग-अलग स्थानों पर क्वारंटीन किया गया है।
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जमात से निकले लोगों की 19 राज्यों में तलाश
दिल्ली के निजामुद्दीन स्थित तबलीगी जमात से निकले लोगों की देश के 19 राज्यों में तलाश शुरू हो चुकी है। इनमें उत्तर से लेकर दक्षिण भारत तक के तमाम राज्य शामिल हैं। दिल्ली में मरकज से क्वारंटीन के लिए निकाले जा रहे लोग इन राज्यों से यहां आए थे। आयोजकों के ही अनुसार कई महीनों से जमात के लिए लोग मरकज आ जा रहे थे। मार्च के महीने में ही करीब 8 हजार से ज्यादा लोग यहां आकर वापस भी जा चुके हैं। मंगलवार शाम तक मरकज से ज्यादातर लोगों को निकाला जा चुका था।
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वहीं दिल्ली में मंगलवार को भी निजामुद्दीन स्थित मरकज से लोगों को क्वारंटीन करने का सिलसिला जारी रहा। दो दिन के भीतर यहां से 1850 लोगों को निकाला गया है जिनमें से 281 विदेशी नागरिक भी शामिल हैं। इनमें 350 लोगों को लक्षण मिलने के बाद अलग अलग अस्पतालों में भर्ती कराया है। मरकज से निकले लोगों में से अब तक दिल्ली में 24 संक्रमित मिल चुके हैं। जबकि अन्य राज्यों में भी संक्रमित पाए जा रहे हैं। अलग अलग राज्यों में अब तक 10 लोगों की मौत भी हो चुकी है। जमात के अलावा 26 मार्च को भी मरकज में मजहबी जलसा हुआ जिसमें करीब 2 हजार लोगों ने हिस्सा लिया, वह भी तब जब पूरे देश में लॉकडाउन लागू था।
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जमात में हिस्सा लेने वाले ज्यादातर अपने घर लौट चुके हैं जबकि कुछ लोग देश के अलग अलग राज्यों में इस्लाम के प्रचार प्रसार के लिए जा चुके हैं। इन्हीं में से कुछ लोग अंडमान निकोबार पहुंचे थे जिनमें से 9 लोग संक्रमित मिले हैं। जबकि एक इनमें से संक्रमित मरीज की पत्नी भी पॉजीटिव मिली है। ये लोग 24 मार्च को ही वहां पहुंचे थे।
दिल्ली के निजामुद्दीन स्थित मरकज की जिस 6 मंजिला बिल्डिंग में ये लोग जमा थे, वह हजरत निजामुद्दीन पुलिस थाने से बिल्कुल सटी हुई है। मरकज आयोजकों का कहना है कि जमात चार महीने से चल रही थी। वहीं केंद्र सरकार ने 13 मार्च की मध्यरात्रि से सभी तरह के वीजा निरस्त कर दिए थे। साथ ही 17 मार्च को दिल्ली सरकार ने 50 लोगों के एकसाथ जमा होने पर पाबंदी भी ला दी थी। बावजूद इसके पुलिस मरकज में धार्मिक आयोजन चलता रहा।
इस पर दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने मंगलवार को कहा कि आयोजकों ने घोर अपराध किया है। दिल्ली सरकार ने आयोजकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के आदेश भी दे दिए हैं। उन्होंने ये भी बताया कि मरकज में शामिल लोगों को क्वारंटीन करने का काम चल रहा है। दिल्ली के कई इलाकों में वहां से लोगों को क्वारंटीन के लिए लेकर जा रहे हैं।