Delhi: आधी रात रैपिडो चालक को अगवा कर बदमाशों ने मांगी फिरौती, सुबह हाथ-पांव बांधा गड्ढे में मिला पीड़ित
सुबह तक चली छापेमारी के बाद पुलिस ने एक बदमाश को गिरफ्तार कर पीड़ित राज उर्फ शंकर को कश्मीरी गेट पुल के लूप में बने गड्ढे से अर्द्धमूर्छित अवस्था में बरामद कर लिया गया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तरी दिल्ली के कश्मीरी गेट इलाके में हथियारबंद बदमाशों ने आधी रात को रैपिडो बाइक चालक को अगवा कर लिया। बदमाशों ने पीड़ित से मोबाइल, कैश और बाइक लूटने के बाद उसके परिवार से फिरौती मांगी। मांग पूरी न होने पर पीड़ित राज उर्फ शंकर (26) को जान से मारने की धमकी दी गई। बदमाशों ने दो लाख रुपये और घर में रखे सारे जेवरात लेकर आने के लिए कहा।
छलेरा गांव, नोएडा सेक्टर-37 निवासी परिवार ने लोकल पुलिस से मदद मांगी तो उनको दिल्ली जाने के लिए कहा गया। परिवार ने जैसे ही दिल्ली पहुंचकर पुलिस से मदद की गुहार लगाई फौरन पुलिस एक्शन में आ गई।
सुबह तक चली छापेमारी के बाद पुलिस ने एक बदमाश को गिरफ्तार कर पीड़ित राज उर्फ शंकर को कश्मीरी गेट पुल के लूप में बने गड्ढे से अर्द्धमूर्छित अवस्था में बरामद कर लिया गया। बदमाशों ने राज के हाथ-पैर बांधे हुए थे। फौरन उसे अरुणा आसफ अली अस्पताल ले जाया गया।
पुलिस की गिरफ्त में आए बदमाश की पहचान शास्त्री पार्क निवासी हबीब के रूप में हुई है। छापेमारी के समय हबीब के दो साथ राहुल और मंसूर मौके से फरार हो गए। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि उनकी तलाश के लिए कई टीमें छापेमारी कर रही हैं। जल्द ही उनको दबोच लिया जाएगा।
कश्मीरी गेट आईएसबीटी के पास से किया गया अगवा...
मूलरूप से गांव अशरफाबाद मुंडा नगला, बुलंदशहर, यूपी निवासी राज उर्फ शंकर अपनी बहन सुनीता (40) के साथ गली नंबर-3, छलेरा गांव, सेक्टर-37, नोएडा में रहता है। वह पिछले तीन सालों से रैपिडो बाइक चला रहा है। शनिवार देर रात को वह नोएडा से एक सवारी लेकर कश्मीरी गेट आईएसबीटी गया था। सवारी को करीब 12.30 बजे बस अड्डे के सामने उतारकर वह फोन किसी से बात करने लगा। इस बीच एक बदमाश ने उसका मोबाइल छीन लिया। राज उनके पीछे भागा तो तीन बदमाशों ने उसे घेरकर काबू कर लिया। राज की पिटाई करने के बाद उसकी बाइक, मोबाइल और कैश लूट लिया गया। आरोपी उसका यूपीआई पिन पूछने लगे। मना करने पर आरोपियों ने राज की बहन सुनीता को करीब पौने दो बजे फोन लगा दिया। पहले तो यूपीआई पिन पूछा। बाद में आरोपी राज को छोड़ने के बदले दो लाख और घर में रखे जेवरात मांगने लगे।
ऐसे कराया गया बदमाशों के चंगुल से मुक्त...
सुनीता कॉल आने के सेक्टर-37 के थाने पहुंची। वहां से उसे दिल्ली जाकर शिकायत करने के लिए कहा गया। परिवार न्यू अशोक नगर थाने पहुंचा। दिल्ली पुलिस ने कश्मीरी गेट थाने से संपर्क किया। युवक के अगवा करने की खबर मिलते ही उत्तरी जिला पुलिस एक्टिव हो गई। परिवार कश्मीरी गेट थाने पहुंचा तो पुलिस की तीन टीमें वहां तैयार थीं। कुछ पुलिसकर्मी सादे कपड़ों में मौजूद थे। बदमाश चूंकि सुनीता के नंबर पर कॉल कर रहे थे, इसलिए सुनीता से कहा गया कि वह रुपये और जेवरात लेकर आने की बात उनसे करे। बदमाशों ने पहले परिवार को जमुना बाजार स्थित हनुमान मंदिर बुलाया। बाद में कश्मीरी गेट आने के लिए कहा। परिवार वहां पहुंचा तो एक आरोपी राज की बाइक व उसके मोबाइल के साथ वहां से दबोच लिया गया। उसकी निशानदेही पर रविवार तड़के राज को लगभग बेहोशी की हालत में कश्मीरी गेट पुल के नीचे बने गड्ढे से बरामद कर लिया गया।