पहली बार इस स्टेशन पर हुई थी महात्मा गांधी की गिरफ्तारी
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सत्य और अहिंसा का प्रतीक समझे जाने वाले तथा संसार को इसी रास्ते पर चलने का संदेश देने वाले मोहन दास करमचंद गांधी ने पलवल से ही अंग्रेजी हुकूमत को चुनौती दी थी।
रोलेट एक्ट के खिलाफ अमृतसर जा रहे गांधी जी को यहां रेलवे स्टेशन पर गिरफ्तार किया गया था। यह उनकी पहली राजनीतिक गिरफ्तारी थी।
यही कारण है कि स्वतंत्रता आंदोलन से पलवल का गहरा नाता रहा है। गांधी जी की यहां हुई गिरफ्तारी का ऐसा असर हुआ कि कई लोग स्वतंत्रता संग्राम में कूद पड़े।
पहली गिरफ्तारी की याद को चिरस्थायी बनाए रखने के लिए सुभाष चंद बोस ने गांधी सेवाश्रम का शिलान्यास किया था। गांधी सेवाश्रम में नेता जी द्वारा बनाया गया कमरा व चित्र प्रदर्शनी लोगों के लिए प्रेरणा स्रोत बने हुए हैं।
आश्रम में 150 से अधिक तस्वीरें
आश्रम में गांधी का जन्म स्थान, प्राथमिक स्कूल राजकोट, गांधी जी कस्तूरबा गांधी के साथ, सात साल की आयु की तस्वीर, सेवाग्राम, कानून विद्यार्थी के रूप में लंदन, दक्षिण अफ्रीका में साथियों के साथ, दक्षिण अफ्रीका में सत्याग्रही के रूम में, दक्षिण अफ्रीका में गिरफ्तारी, जलियांवाला बाग कांड, फैजपुर कांग्रेस अधिवेशन 1939, गोलमेज कांफ्रेंस 1931,
दांडी मार्च, बंबई अधिवेशन, पेशावर में सभा, हरिपुरा कांग्रेस में नेताजी के साथ, करांची में कांग्रेस अधिवेशन, केंद्रीय जेल दमदम में नजरबंदियों के साथ मिलते हुए, वर्धा कार्य समिति की बैठक और लार्ड माउंट वेटन के साथ की तस्वीर समेत अन्य तस्वीरें लगी हुई हैं।
गांधीजी ने रोलेट एक्ट का विरोध कर 5 अप्रैल, 1919 को आंदोलन शुरू किया था। 13 अप्रैल, 1919 को अमृतसर में कांफ्रेंस में हिस्सा लेने जा रहे थे। ब्रिटिश सरकार ने उनके पंजाब में प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया था।
बैंक्वेट हॉल है आय का साधन
प्रतिबंध तोड़ने व पंजाब में प्रवेश के प्रयास में गांधीजी को 10 अप्रैल, 1919 को पलवल के रेलवे स्टेशन पर गिरफ्तार कर लिया गया था। गिरफ्तारी के फलस्वरूप जन आक्रोश से ही जालियांवाला बाग का हत्याकांड हुआ था।
गांधी जी की पहली गिरफ्तारी की याद को चिरस्थायी बनाए रखने के लिए नेताजी सुभाष चंद बोस ने उनके जन्मदिवस 2 अक्तूबर, 1938 को गांधी सेवाश्रम का शिलान्यास किया था।
इस आश्रम में गांधीजी के बाल्यकाल सात वर्ष की आयु से लेकर अंतिम यात्रा तक की 150 से अधिक तस्वीरें रखी हुई हैं जो उनके बलिदान की याद दिलाती हैं।